Close Menu
Azad SipahiAzad Sipahi
    Facebook X (Twitter) YouTube WhatsApp
    Thursday, May 21
    • Jharkhand Top News
    • Azad Sipahi Digital
    • रांची
    • हाई-टेक्नो
      • विज्ञान
      • गैजेट्स
      • मोबाइल
      • ऑटोमुविट
    • राज्य
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
    • रोचक पोस्ट
    • स्पेशल रिपोर्ट
    • e-Paper
    • Top Story
    • DMCA
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Azad SipahiAzad Sipahi
    • होम
    • झारखंड
      • कोडरमा
      • खलारी
      • खूंटी
      • गढ़वा
      • गिरिडीह
      • गुमला
      • गोड्डा
      • चतरा
      • चाईबासा
      • जमशेदपुर
      • जामताड़ा
      • दुमका
      • देवघर
      • धनबाद
      • पलामू
      • पाकुर
      • बोकारो
      • रांची
      • रामगढ़
      • लातेहार
      • लोहरदगा
      • सरायकेला-खरसावाँ
      • साहिबगंज
      • सिमडेगा
      • हजारीबाग
    • विशेष
    • बिहार
    • उत्तर प्रदेश
    • देश
    • दुनिया
    • राजनीति
    • राज्य
      • मध्य प्रदेश
    • स्पोर्ट्स
      • हॉकी
      • क्रिकेट
      • टेनिस
      • फुटबॉल
      • अन्य खेल
    • YouTube
    • ई-पेपर
    Azad SipahiAzad Sipahi
    Home»यूथ प्लस»आईटी कंपनियों में पेशेवरों की हो रही छंटनी, अब ये हैं ऑप्‍शन
    यूथ प्लस

    आईटी कंपनियों में पेशेवरों की हो रही छंटनी, अब ये हैं ऑप्‍शन

    आजाद सिपाहीBy आजाद सिपाहीMay 15, 2017No Comments2 Mins Read
    Facebook Twitter WhatsApp Telegram Pinterest LinkedIn Tumblr Email
    Share
    Facebook Twitter WhatsApp Telegram LinkedIn Pinterest Email

    बंगलुरु: सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) उद्योग में डिजिटलीकरण और ऑटोमेशन के चलते इन्फोसिस, कॉग्निजेंट और टेक महिंद्रा जैसी कंपनियों में बड़े पैमाने पर कर्मचारियों की छंटनी हो रही है। विशेषज्ञों की मानें तो आईटी कंपनियों में कर्मचारियों को बाहर करने का यह सिलसिला जारी रहेगा।

    प्रदर्शन के आकलन की प्रक्रिया के तहत हजारों की संख्या में कर्मचारियों को ‘पिंक स्लिप’ थमाई जा रही है यानी उन्हें नौकरी से निकाला जा रहा है, लेकिन माना जा रहा है कि यह लागत नियंत्रण के प्रयास का हिस्सा है।

    इसके अलावा, अमेरिका, सिंगापुर, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड जैसे देशों में कड़ी कार्य परमिट व्यवस्था की वजह से भी भारतीय सॉफ्टवेयर निर्यातक विशेष रूप से प्रभावित हुए हैं।

    –आर्टिफिशयल इंटेलिजेंस (एआई) में नई प्रौद्योगिकी, रोबोटिक प्रक्रिया आटोमेशन और क्लाउड कंप्यूटिंग की वजह से कंपनियां अब कोई भी कार्य कम श्रमबल यानी कम लोगों के साथ्‍ कर सकती हैं। इसकी वजह से सॉफ्टवेयर कंपनियों को अपनी रणनीति पर नए सिरे से विचार करना पड़ रहा है।

    –टीमलीज सर्विसेज की कार्यकारी उपाध्यक्ष एवं सह संस्थापक रितुपर्णा चक्रवर्ती ने कहा, ”यह ऐसी स्थिति है जब बहुत से दक्ष कर्मचारी समय के हिसाब से खुद में बदलाव नहीं ला सके हैं। इस वजह से कई कर्मचारी आज बेकार हो गए हैं।

    कार्यकारी खोज कंपनी ग्लोबलहंट के प्रबंध निदेशक सुनील गोयल ने कहा, ”उद्योग में प्रत्येक तीन से पांच साल में इस तरह का बदलाव आता है, लेकिन इस बार इसने अधिक प्रभावित किया है क्योंकि अमेरिका ने भी विदेशी आईटी पेशेवरों के लिए अपनी नीति में बदलाव किया है। ” गोयल ने कहा कि इस तरह का रुख अगले एक-दो साल तक जारी रहेगा।

    अब पेशेवरों के सामने ये हैं रास्तें

    माना जा रहा है कि मुख्य रूप से मैनुअल परीक्षण, प्रौद्योगिकी समर्थन और प्रणाली प्रशासन में कर्मचारियों को ‘पिंक स्लिप’ थमाई जा रही है, क्योंकि इन प्रक्रियाओं का प्रबंधन अब अधिक से अधिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रोबोटिक प्रक्रिया का ऑटोमेशन से हो रहा है। विशेषज्ञों के मुताबिक डेटा साइंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल डोमेन से जुड़े स्पेसिफिक स्किल्स सीखकर आईटी पेशवर खुद को इंडस्ट्री की मांग के हिसाब से ‘अपग्रेड’ कर सकते हैं।

    Share. Facebook Twitter WhatsApp Telegram Pinterest LinkedIn Tumblr Email
    Previous Articleभीषण गर्मी का प्रकोप : यूपी समेत समूचे उत्तर भारत में पारा चढ़ा
    Next Article तीन तलाक को पूरी तरह खत्म कर दें तो नया कानून बनाएंगे: केंद्र ने SC से कहा
    आजाद सिपाही
    • Website
    • Facebook

    Related Posts

    अदाणी फॉउंडेशन के कोचिंग सेंटर में पढ़ रहे 13 में से आठ ने पास की अग्निवीर की परीक्षा

    July 31, 2025

    वित्त विभाग के लेखा सहायक के 348 पदों पर होगी नियुक्ति

    December 28, 2024

    उत्तर प्रदेश पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा के परिणाम घोषित

    November 21, 2024
    Add A Comment

    Comments are closed.

    Recent Posts
    • पाकिस्तान के लिए जासूसी के आरोप में कोलकाता निवासी जफर रियाज काे एनआईए ने दबाेचा
    • नेपाल में सत्तारूढ़ दल के सांसद ने खोला सरकार के खिलाफ मोर्चा
    • ईरान ने कहा- आत्मसमर्पण नहीं करेगा, अमेरिका बोला- अभूतपूर्व सैन्य कार्रवाई होगी
    • नेपाल के पूर्व गृहमंत्री सुदन गुरूंग के खिलाफ समिति ने शुरू की जांच
    • दो दिनों की गिरावट के बाद कच्चे तेल का भाव 106 डॉलर प्रति बैरल के पार
    Read ePaper

    City Edition

    Follow up on twitter
    Tweets by azad_sipahi
    Facebook X (Twitter) Pinterest Vimeo WhatsApp TikTok Instagram

    Palamu Division

    • Garhwa
    • Palamu
    • Latehar

    Kolhan Division

    • West Singhbhum
    • East Singhbhum
    • Seraikela Kharsawan

    North Chotanagpur Division

    • Chatra
    • Hazaribag
    • Giridih
    • Koderma
    • Dhanbad
    • Bokaro
    • Ramgarh

    South Chotanagpur Division

    • Ranchi
    • Lohardaga
    • Gumla
    • Simdega
    • Khunti

    Santhal Pargana Division

    • Deoghar
    • Jamtara
    • Dumka
    • Godda
    • Pakur
    • Sahebganj

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    © 2026 AzadSipahi. Designed by Launching Press.
    • Privacy Policy
    • Terms
    • Accessibility

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Go to mobile version