Close Menu
Azad SipahiAzad Sipahi
    Facebook X (Twitter) YouTube WhatsApp
    Thursday, April 23
    • Jharkhand Top News
    • Azad Sipahi Digital
    • रांची
    • हाई-टेक्नो
      • विज्ञान
      • गैजेट्स
      • मोबाइल
      • ऑटोमुविट
    • राज्य
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
    • रोचक पोस्ट
    • स्पेशल रिपोर्ट
    • e-Paper
    • Top Story
    • DMCA
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Azad SipahiAzad Sipahi
    • होम
    • झारखंड
      • कोडरमा
      • खलारी
      • खूंटी
      • गढ़वा
      • गिरिडीह
      • गुमला
      • गोड्डा
      • चतरा
      • चाईबासा
      • जमशेदपुर
      • जामताड़ा
      • दुमका
      • देवघर
      • धनबाद
      • पलामू
      • पाकुर
      • बोकारो
      • रांची
      • रामगढ़
      • लातेहार
      • लोहरदगा
      • सरायकेला-खरसावाँ
      • साहिबगंज
      • सिमडेगा
      • हजारीबाग
    • विशेष
    • बिहार
    • उत्तर प्रदेश
    • देश
    • दुनिया
    • राजनीति
    • राज्य
      • मध्य प्रदेश
    • स्पोर्ट्स
      • हॉकी
      • क्रिकेट
      • टेनिस
      • फुटबॉल
      • अन्य खेल
    • YouTube
    • ई-पेपर
    Azad SipahiAzad Sipahi
    Home»Breaking News»भारत ने जारी किया जी-20 विदेश मंत्री बैठक का सारांश पत्र, यूक्रेन पर बना रहा मतभेद
    Breaking News

    भारत ने जारी किया जी-20 विदेश मंत्री बैठक का सारांश पत्र, यूक्रेन पर बना रहा मतभेद

    azad sipahiBy azad sipahiMarch 2, 2023No Comments3 Mins Read
    Facebook Twitter WhatsApp Telegram Pinterest LinkedIn Tumblr Email
    Share
    Facebook Twitter WhatsApp Telegram LinkedIn Pinterest Email

    नई दिल्ली। यूक्रेन संघर्ष के कारण जी-20 विदेश मंत्रियों की बैठक में रूस और पश्चिमी देशों के बीच कायम मतभेदों के कारण संयुक्त वक्तव्य जारी नहीं हो सका। बैठक के अध्यक्ष के रूप में विदेश मंत्री एस जयशंकर ने विचार-विमर्श का नतीजा संबंधी सारांश जारी किया।

    विदेश मंत्री एस जयशंकर ने गुरुवार को बैठक के बाद प्रेस वार्ता में कहा कि यूक्रेन मुद्दे पर मतभेदों के कारण तालमेल कायम करने के भारत के प्रयास सफल नहीं हुए, लेकिन दुनिया विशेषकर विकासशील और कमविकसित देशों के सामने मौजूद चुनौतियों पर समान राय बनाने में हमें कामयाबी मिली। उल्लेखनीय है कि पिछले दिनों बंगलुरू में आयोजित जी-20 वित्त मंत्रियों एवं केंद्रीय बैंकों के प्रमुखों की बैठक में भी यूक्रेन संघर्ष पर कायम मतभेदों को दूर नहीं किया जा सका था। इसके कारण संयुक्त वक्तव्य की बजाये अध्यक्षीय सारांश जारी हुआ था।

    बैठक के बाद जारी 24 पैराग्राफ वाला अध्यक्षीय सारांश और परिणाम दस्तावेज जारी किया गया। इसके तीसरे और चौथे पैराग्राफ में यूक्रेन युद्ध का जिक्र है। इन दोनों पैराग्राफ पर रूस और चीन ने अपनी असहमति दर्ज कराई जबकि अन्य सभी देश पूरे दस्तावेज पर सहमत थे।

    मतभेदों का कारण बने तीसरे और चौथे पैराग्राफ गत वर्ष इंडोनेशिया के बाली में आयोजित शिखर सम्मेलन में जारी घोषणा पत्र से लिए गये थे। इनमें यूक्रेन युद्ध के संबंध में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद और संयुक्त राष्ट्र महासभा में दिए गये वक्तव्यों और पारित प्रस्ताव का उल्लेख है। संयुक्त राष्ट्र महासभा में पारित प्रस्ताव में यूक्रेन पर रूस के हमले की निंद की गई थी तथा यूक्रेन से रूसी सेनाओं की बिना शर्त और पूर्ण वापसी की मांग की गई थी। साथ ही प्रस्ताव में यह उल्लेख किया गया था कि अधिकतर देशों ने युद्ध की निंदा की थी जबकि वहां के हालात के बारे में कुछ अन्य देशों की अलग राय और आकलन का जिक्र था।

    बाली घोषणा पत्र से लिए गये सारांश पत्र के चौथे पैराग्राफ में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के बयान पर आधारित इस कथन का उल्लेख था कि आज का युग किसी हालत में युद्ध का युग नहीं होना चाहिए।

    अध्यक्षीय सारांश पत्र में बहुपक्षीय विश्व व्यवस्था को मजबूत बनाना खाद्यान और ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करना, जलवायु परिवर्तन और जैव विविधता, विश्व स्वास्थय, विकास संबंधी सहयोग, नई और उभरती हुई प्रौद्योगिकी, आतंकवाद विरोधी उपाय, मादक पदार्थों की रोकथाम, विश्व कौशल का लेखा-जोखा, मानवीय सहायता और आपदा जोखिम तथा स्त्री-पुरुष समानता और महिला सशक्तिकरण के बिन्दू शामिल हैं।

    सारांश पत्र में आतंकवाद के सभी रूपों की निंदा करते हुए कहा गया कि आतंकवाद और धार्मिक असहिष्णुता, विश्व शांति और सुरक्षा के लिए खतरा है। सभी प्रकार के आतंकवादी कृत्य आपराधिक हैं भले ही उनके पीछे कोई भी दलील हो। कारगर आतंकवाद विरोधी उपायों पर जोर देते हुए कहा गया कि अंतरराष्ट्रीय कानूनों के आधार पर आंतकवाद के खिलाफ एक समग्र रवैया अपनाये जाने की जरूरत है।

    सारांश पत्र में आतंकवादी गुटों की पनाहगाहों, आतंकवादियों की भर्ती, उन्हें आर्थिक और राजनीतिक सहयोग मिलने के खिलाफ प्रभावी अंतरराष्ट्रीय सहयोग की वकालत की गई।

    वर्तमान विश्व व्यवस्था की अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं में सुधार पर जोर देते हुए सारांश पत्र में कहा गया है कि द्वितिय विश्व युद्ध के बाद से दुनिया में बहुत बदलाव आया है। 21वीं शताब्दी की चुनौतियों का सामना करने के लिए विश्व प्रबंधन को अधिक भागीदारी मूलक कारगर पारदर्शी और जवाबदेह बनाना समय की मांग है। इसी तरह विश्व व्यापार संगठन सहित अंतरराष्ट्रीय वित्त संस्थाओं को भी पक्षपात रहित और समावेशी बनाने की आवश्यकता है।

    Share. Facebook Twitter WhatsApp Telegram Pinterest LinkedIn Tumblr Email
    Previous Articleअंतरराष्ट्रीय आतंकियों के लिए ‘ट्रांजिट प्वाइंट’ बन सकता है नेपालः अमेरिका
    Next Article JHARKHAND : रामगढ़ उपचुनाव में बैलेट वोटिंग में भी आजसू रहा आगे
    azad sipahi

      Related Posts

      आईपीएल 2026 : अभिषेक शर्मा का तूफानी शतक, हैदराबाद ने दिल्ली को 47 रन से हराया

      April 22, 2026

      रामूडीहा में भीषण अग्निकांड, 05 मासूम झुलसे, विधायक की तत्परता से मिली राहत

      April 22, 2026

      इंदौरः पीडब्ल्यूडी के तीन अधिकारी रिश्वत लेते गिरफ्तार

      April 22, 2026
      Add A Comment

      Comments are closed.

      Recent Posts
      • आईपीएल 2026 : अभिषेक शर्मा का तूफानी शतक, हैदराबाद ने दिल्ली को 47 रन से हराया
      • बंगाल में परिवर्तन की दहलीज पर खड़ा आदिवासी समाज भाजपा की जीत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा : चंपाई सोरेन
      • रामूडीहा में भीषण अग्निकांड, 05 मासूम झुलसे, विधायक की तत्परता से मिली राहत
      • इंदौरः पीडब्ल्यूडी के तीन अधिकारी रिश्वत लेते गिरफ्तार
      • बंगाल की जनता भाजपा सरकार बनाने के लिए तैयार है : रेखा गुप्ता
      Read ePaper

      City Edition

      Follow up on twitter
      Tweets by azad_sipahi
      Facebook X (Twitter) Pinterest Vimeo WhatsApp TikTok Instagram

      Palamu Division

      • Garhwa
      • Palamu
      • Latehar

      Kolhan Division

      • West Singhbhum
      • East Singhbhum
      • Seraikela Kharsawan

      North Chotanagpur Division

      • Chatra
      • Hazaribag
      • Giridih
      • Koderma
      • Dhanbad
      • Bokaro
      • Ramgarh

      South Chotanagpur Division

      • Ranchi
      • Lohardaga
      • Gumla
      • Simdega
      • Khunti

      Santhal Pargana Division

      • Deoghar
      • Jamtara
      • Dumka
      • Godda
      • Pakur
      • Sahebganj

      Subscribe to Updates

      Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

      © 2026 AzadSipahi. Designed by Launching Press.
      • Privacy Policy
      • Terms
      • Accessibility

      Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

      Go to mobile version