रांची: झारखंड में पिछले लंबे समय से रिक्त पड़े सूचना आयुक्तों के पदों को भरने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में आगामी 25 मार्च को चयन समिति की महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई है। यह बैठक मुख्यमंत्री के आवासीय कार्यालय (कांके रोड) में शाम पांच बजे आयोजित होगी। इस उच्चस्तरीय बैठक में चयन समिति के सदस्य और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी के साथ मुख्यमंत्री द्वारा नामित मंत्री हफीजुल हसन भी हिस्सा लेंगे।
गौरतलब है कि झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य में मुख्य सूचना आयुक्त और सूचना आयुक्तों की नियुक्ति प्रक्रिया को जल्द पूरा करने का निर्देश दिया था। इससे पहले 2 मार्च को भी बैठक प्रस्तावित थी, लेकिन कतिपय कारणों से इसे स्थगित करना पड़ा था।
नियुक्ति की राह में आईं ये बाधाएं:
लंबे समय से रिक्त पद: राज्य में मुख्य सूचना आयुक्त का 1 और सूचना आयुक्त के 6 पद वर्ष 2020 से खाली पड़े हैं।
राजनीतिक समन्वय की कमी: पूर्व में नेता प्रतिपक्ष की मान्यता और फिर सरकार व विपक्ष के बीच आपसी सहमति न बन पाने के कारण यह प्रक्रिया अधर में लटकी रही।
नया विज्ञापन: पूर्व की बैठकों में नामों पर आम राय न बनने के बाद नए सिरे से विज्ञापन निकाला गया था।
अब 25 मार्च की बैठक से यह उम्मीद जगी है कि चयन प्रक्रिया में समन्वय बनेगा और प्रदेश के लोगों को सूचना के अधिकार के तहत त्वरित न्याय मिल सकेगा। इन नियुक्तियों के बाद राज्य सूचना आयोग का कामकाज फिर से पटरी पर लौटने की संभावना है।

