जमशेदपुर : कोरोना वायरस के खतरे और सीमाओं के सीलिंग के बावजूद लोग दूरदराज से अपने घर आ ही जा रहे है. इनके आने जाने पर लेकिन आसपास के लोग लगातार नजर रख रहे है. कोरोना वायरस के खतरे के डर के बीच लोग लगातार स्वास्थ्य विभाग को सूचनाएं पहुंचा रहे है. इसके तहत जुगसलाई में मुंबई से आये पांच लोगों को पकड़ा गया. वे लोग मुंबई से आये थे और जुगसलाई के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के आवास में रह रहे थे. ये सारे लोग एक ही परिवार के थे. वैसे इन लोगों में किसी तरह का कोई लक्षण नहीं था. बताया जाता है कि वे लोग मुंबई के कैंसर अस्पताल में अपने परिजन का इलाज कराने के लिए गये थे, जहां से लौटने पर उन लोगों ने किसी को सूचना नहीं दी थी. आसपास के लोगों ने स्वास्थ्य विभाग को इसकी सूचना दी, जिसके बाद इसकी जांच शुरू की गयी और सबको होम क्वारंटाइन (घर में कैद करने) में रख दिया गया. आसपास के लोगों को भी सतर्क कर दिया गया है कि वे लोग किसी तरह की गड़बड़ी होने पर तत्काल सूचना दें.
इसी तरह सोनारी के कागलनगर बाजार में ओड़िशा से एक फूल का दुकानदार लौटा था. वह अपनी टीवीएस चैंप गाड़ी से ही ओड़िशा से जमशेदपुर आ गया था. वह फूल बेच रहा था. उसमें किसी तरह का कोई पुष्टि नहीं हुई है किसी तरह का कोई लक्षण नहीं था, लेकिन फिर भी लोगों में काफी डर था. लोगों ने पुलिस को बुला लिया. पुलिस के कहने पर उस लड़के को मेडिकल टेस्ट कराने के लिए पकड़कर ले जाया गया, जहां उसका सैंपल लिया गया है. इसी तरह सोनारी के ही पुरानी बस्ती (कारमेल जूनियर कॉलेज के पीछे) स्थित प्रिंस कांप्लेक्स में बिहार से दो महिलाएं आयी थी. बिहार की गाड़ियों के आने की सूचना तत्काल पुलिस को दे दी गयी. पुलिस और मेडिकल टीम वहां पहुंची. दोनों ही महिलाओं का सैंपल लिया गया और फिर दोनों को होम क्वारंटाइन कर दिया गया. हालांकि, फ्लैट के लोग कह रहे थे कि किसी भी हाल में होम क्वारंटाइन नहीं किया जाये, उनको ले जाया जाये, लेकिन मेडिकल टीम ने जरूरत नहीं समझी और होम क्वारंटाइन कर दिया गया. वैसे जमशेदपुर के आसपास काफी लोगों को होम क्वारंटाइन किया गया है.