पूर्वी सिंहभूम। झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले की बहरागोड़ा थाना पुलिस ने नशा तस्करों के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने एक संगठित मादक पदार्थ तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए करीब 50 किलोग्राम गांजा जब्त किया है। इस मामले में पुलिस ने दो अंतर्राज्यीय तस्करों को भी गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में लाखों रुपये आंकी जा रही है।
गुप्त सूचना पर पुलिस ने बिछाया जाल सोमवार को ग्रामीण एसपी ऋषभ गर्ग ने प्रेस वार्ता में बताया कि पुलिस को सटीक गुप्त सूचना मिली थी कि ओडिशा की ओर से एक सफेद रंग की लग्जरी कार में भारी मात्रा में गांजा बिहार ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही घाटशिला एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने बहरागोड़ा थाना क्षेत्र में एनएच पर सघन वाहन जांच अभियान शुरू किया।
टाटा पंच की डिक्की में छिपाए थे 25 पैकेट जांच के दौरान पुलिस ने एक संदिग्ध टाटा पंच कार (रजिस्ट्रेशन नंबर JH05DS-6333) को रोका। जब वाहन की सघन तलाशी ली गई, तो उसकी डिक्की से 25 अलग-अलग पैकेट बरामद हुए। इन पैकेटों को खोलने पर पुलिस को उच्च गुणवत्ता वाला 50 किलो गांजा मिला। पुलिस ने मौके से ही कार सवार दोनों व्यक्तियों को हिरासत में ले लिया और मादक पदार्थ सहित वाहन को जब्त कर लिया।
ओडिशा से बिहार तक फैला है तस्करी का नेटवर्क गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जमशेदपुर के सोनारी झाबरी बस्ती निवासी भीम यादव और बिहार के भोजपुर निवासी राज कुमार पाल के रूप में हुई है। इनके पास से दो मोबाइल फोन और 3,482 रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं। पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे यह खेप ओडिशा के चिल्का झील इलाके से लेकर आ रहे थे। इसे जमशेदपुर और बिहार के विभिन्न जिलों में ऊंचे दामों पर बेचने की योजना थी।
मास्टरमाइंड की तलाश में छापेमारी जारी ग्रामीण एसपी ने बताया कि यह एक बड़े गिरोह का काम है। गिरोह के सरगना की पहचान कर ली गई है और पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जेल भेज दिया है। एसपी ने स्पष्ट संदेश दिया है कि जिले में नशे के अवैध कारोबार को जड़ से खत्म करने के लिए अभियान जारी रहेगा।

