कोडरमा: झारखंड हाईकोर्ट ने कोडरमा नगर पंचायत स्थित एक मार्केट कांप्लेक्स को सील करने के आदेश पर रोक लगा दी है। नगर पंचायत स्थित गांधी चौक के पास शशि प्रभा देवी के इस मार्केट कांप्लेक्स को लेकर नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी द्वारा 10 लाख का जुर्माना देने अन्यथा इसे सील कर देने संबंधी आदेश जारी किया गया था। मामले में शशि प्रभा देवी ने झारखंड हाइकोर्ट की शरण ली थी और डब्ल्यूपीसी 2753 कि इस मामले में न्यायाधीश अपरेश कुमार सिंह ने अगली सुनवाई तक इस प्रकार की किसी भी कार्रवाई पर रोक लगा दी है। साथ ही अगली सुनवाई की तिथि 12 जून को तय की गयी है। ज्ञात हो कि मार्केट कांप्लेक्स के पारित नक्शे में विचलन को लेकर पहले नगर पंचायत द्वारा 1 लाख 93 हजार 665 रुपए का अर्थदंड लगाया गया था और उक्त राशि नगर पंचायत में जमा भी करा दी गयी थी। इसके बाद फिर से 10 लाख रुपये का अर्थदंड का नोटिस भेजते हुए कहा गया था कि 3 दिनों के भीतर राशि जमा नहीं करने पर मार्केट कांप्लेक्स को सील करने की कार्रवाई की जायेगी। मामले में शशि प्रभा देवी द्वारा दायर वाद में नगर पंचायत के अध्यक्ष, कार्यपालक पदाधिकारी, झारखंड सरकार और उपायुक्त को भी वादी बनाया गया है।
क्या था मामला
कोडरमा नगर पंचायत में नक्शा के विरुद्ध व्यवसायिक भवन के निर्माण करने पर 10 लाख रुपये का जुमार्ना लगाया गया था। उक्त भवन पूर्व जेई विवेकानंद चौधरी की पत्नी शशि प्रभा देवी की है। आरोप है कि भवन निर्माण के दौरान बेसमेंट में पार्किंग की सुविधा नहीं दी गयी। नक्शा के विरुद्ध अतिरिक्त निर्माण पर 1.93 लाख रुपये जुमार्ने की वसूली पूर्व में की गयी। वहीं कोडरमा नगर पंचायत में कई अन्य भवन मालिकों को नक्शा के विरुद्ध निर्माण पर नोटिस जारी किया गया था। कोडरमा व झुमरीतिलैया में नक्शा के विरुद्ध निर्माण को लेकर कार्रवाई चल रही है। झुमरीतिलैया में भी 6 बड़े व्यवसायिक भवनों की जांच में नक्शा के विरूद्ध निर्माण जांच में पाया गया है, लेकिन अभी तक ऐसे भवन मालिकों को विरूद्ध जुमार्ना वसूली की कार्रवाई नही की गयी है। जबकि डीसी स्तर से ऐसे भवनों को सील करने के साथ-साथ प्रावधानों के तहत कार्रवाई का निर्देश दिया गया था।