संकट के दौरान किए गए सरकारी उपायों को तो नहीं बताया अलबत्ता यह जरूर कहा कि वे एक आर्थिक पैकेज की घोषणा कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “कोरोना संकट का सामना करते हुए, नए संकल्प के साथ मैं आज एक विशेष आर्थिक पैकेज की घोषणा कर रहा हूं। ये आर्थिक पैकेज, ‘आत्मनिर्भर भारत अभियान’ की अहम कड़ी के तौर पर काम करेगा आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को सिद्ध करने के लिए,इस पैकेज में भूमि, श्रम, नकदी और कानून सभी पर बल दिया गया है।”
उन्होंने कहा कि, “ये आर्थिक पैकेज हमारे कुटीर उद्योग, गृह उद्योग, हमारे लघु-मंझोले उद्योग के लिए है, जो करोड़ों लोगों की आजीविका का साधन है,जो आत्मनिर्भर भारत के हमारे संकल्प का मजबूत आधार है।” इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने कहा कि इसका पूरा ब्योरा वित्त मंत्रालय देगा।
ऐसे में संभावना है कि आज वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण इस पैकेज के बारे में बताएंगी कि इस पैकेज की रकम कहां और कैसे खर्च की जाएगी।
करीब 33 मिनट के अपने संबोधन में पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि ऐसे समय में जब दुनिया की बड़ी शक्तियां हिल गई हैं, तब हमने देश के गरीब भाईयों और बहनों की संकल्पशक्ति के दर्शन किए। रेहड़ी-पटरी वालों, मजदूरों और घरों में काम करने वाले गरीब तबके के लोगों ने बड़ा त्याग किया हैं।