आजाद सिपाही संवाददाता
पाक सफर हज के लिए इस माह से यात्रियों का जत्था सऊदी अरब के लिए रवाना होना था। सऊदी हज मिनिस्ट्री ने पहले 60 हजार लोगों को हज करने की अनुमति दी गई थी, जिसमें सऊदी अरब के 15 हजार व दुनिया भर के देशों से 45 हजार यात्री ही शामिल होते। मगर, अब झारखंड सहित दुनिया भर के किसी भी देश के लोग हज 2021 में शामिल नहीं हो पाएंगे।
सऊदी सरकार ने साफ कर दिया है कि इस बार भी दूसरे देश से कोई व्यक्ति हज नहीं कर सकेंगे। कोरोना महामारी के कारण यह लगातार दूसरा साल है, जब दुनिया भर के लोग हज करने सऊदी अरब नहीं जा पा रहे हैं। सेंट्रल हज कमेटी मुंबई के सीईओ डॉ. मकसूद खान ने इस संबंध में एक वीडियो जारी कर बताया कि सऊदी हज मिनिस्ट्री की ओर से ऐलान किया गया है कि सऊदी अरब के अलावा किसी भी देश के लोग इस बार हज नहीं कर पाएंगे। ऐसे में इस साल हज यात्रा नहीं होगी।
इस बार 2021 में 416 लोग झारखंड से हज पर जा सकते थे
हज 2021 में जाने के लिए झारखंड के 1030 लोगों ने आवेदन जमा किया था। मगर कोरोना की दूसरी लहर को देखते हुए सऊदी सरकार ने 18 से 60 साल के बीच के यात्रियों को ही हज की अनुमति देने की बात कही थी। जिसके कारण 416 लोग ही इस कैटेगरी में थे। इसमें भी कोविशिल्ड वैक्सीन के दो डोज लेने वाले ही जा सकते थे। कई लोगों ने हज पर जाने के लिए कोविशिल्ड की दूसरी डोज भी ले ली थी। मगर अब सऊदी सरकार के फैसले से गाइडलाइन के अनुसार जो हो सकते थे वे भी नहीं जा पाएंगे।
खर्च दोगुना बढ़ने की जताई गई थी उम्मीद
इस साल हज पर जाने वालों को वर्ष 2019 की तुलना में दोगुना से अधिक राशि खर्च करनी पड़ती। यात्रा का दिन भी कम कर दिया गया था। इसके बावजूद देशभर के यात्रियों ने हज पर जाने का आवेदन दिया था। बताते चलें कि वर्ष 2019 तक डेढ़ लाख रुपए में लोगों को 45 दिन की यात्रा कराई गई थी। मगर, हज 2021 के लिए पूर्व में अनुमानित खर्च तीन लाख 69 हजार रुपए होने की घोषणा सेंट्रल हज कमेटी ने की थी। इसके साथ 30-35 दिन की ही यात्रा कराई जाती।
रांची से 224, खूंटी से 3 ने किया था आवेदन
हज 2021 के लिए झारखंड से कुल 1030 लोगों ने आवेदन किया था, जिसमें 589 पुरुष व 441 महिलाएं शामिल थीं। सबसे ज्यादा 224 लोगों ने रांची से आवेदन किया था। इसमें 126 पुरुष व 98 महिलाएं थीं। दूसरे नंबर पर पूर्वी सिंहभूम जिला से 161 लोग हज यात्रा पर जाने के इच्छुक थे। वहीं, खूंटी से तीन लोग हज पर जाने के लिए आवेदन दिए थे, जिसमें एक पुरुष व दो महिलाएं शामिल थीं।
ऑनलाइन प्रशिक्षण देने की थी तैयारी
कोरोना की दूसरी लहर के कारण इस बार हज यात्रा की तैयारी भी देर से शुरू हुई थी। करीब दो महीने पहले ही यात्रियों को हज प्रशिक्षण देने का काम शुरू हो जाता था। उनसे पैसा भी जमा कराया जाता था। मगर, इस बार दोनों काम नहीं हुआ। हालांकि, सऊदी सरकार द्वारा 45 हजार दुनिया के दूसरे देशों से इजाजत देने की सूचना पर ऑनलाइन प्रशिक्षण देने की तैयारी में हज कार्य से जुड़ी विभिन्न संस्थाएं लग गई थीं।
अब हज कैंसिल होने से आजमीन निराश
सऊदी सरकार ने पहले 60 हजार लोगों के हज की अनुमति दी थी, जिसमें 45 हजार लोग दुनिया भर के देशों से जाते। इसको लेकर झारखंड में तैयारी भी की जा रही थी। अब सूचना के बाद भारत सहित दुनिया के किसी भी देश से हज यात्री नहीं जाएंगे।
-डॉ. इरफान अंसारी, अध्यक्ष, झारखंड राज्य हज समिति