आजाद सिपाही संवाददाता
असेसमेंट स्कीम से जुड़े जवाब भी जानें CBSE के मुताबिक, स्टूडेंट्स का असेसमेंट 10वीं, 11वीं और 12वीं के मार्क्स को 30:30:40 के रेशियो में जोड़कर किया जाएगा 12वीं के असेसमेंट का यह फॉर्मूला केवल थ्योरी पर लागू होगा, प्रैक्टिकल एग्जाम के मार्क्स स्कूल पहले ही CBSE को भेज चुके हैं CBSE के मुताबिक, स्टूडेंट्स का असेसमेंट 10वीं, 11वीं और 12वीं के मार्क्स को 30:30:40 के रेशियो में जोड़कर किया जाएगा 12वीं के असेसमेंट का यह फॉर्मूला केवल थ्योरी पर लागू होगा, प्रैक्टिकल एग्जाम के मार्क्स स्कूल पहले ही CBSE को भेज चुके हैं
सवाल-जवाब से समझिए रिजल्ट की हर बारीकी
सवाल: अगर 3 एग्जाम हुए हों, यानी यूनिट एक्जाम, मिड टर्म और प्री-बोर्ड की स्थिति में मार्क्स कैसे कैलकुलेट होंगे? जवाब: यह स्कूल पर डिपेंड करेगा कि वे कौन से रिजल्ट CBSE को सब्मिट करते हैं।सवाल: सब्जेक्ट वाइज मार्क्स को कैसे कैलकुलेट करेंगे?
जवाब: इस पर फिलहाल स्थिति साफ नहीं है।
सवाल: जब थ्योरी के नंबर ही 500 में से काउंट किए जा रहे हैं, तो प्रैक्टिकल के साथ फाइनल स्कोर कैसे पता करेंगे?
जवाब: यह कैलकुलेशन केवल थ्योरी एग्जाम के लिए है। प्रैक्टिकल मार्क्स फाइनल मार्कशीट में जुड़ेंगे। प्रैक्टिकल के मार्क्स स्कूल पहले ही CBSE को भेज चुके हैं।
क्यों बनाया गया 30:30:40 फॉर्मूला
कोरोना के चलते CBSE की 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं कैंसिल कर दी गई थीं। 12वीं के एग्जाम पर फैसला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अहम बैठक के बाद लिया गया था। इस फैसले के बाद इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट (ISC) के 12वीं के एग्जाम भी रद्द कर दिए गए थे।
CBSE ने 4 जून को 12वीं के स्टूडेंट्स की मार्किंग स्कीम तय करने के लिए 13 सदस्यीय कमेटी का गठन किया था। इन्हें 10 दिन में रिपोर्ट सौंपने को कहा था, जो सुप्रीम कोर्ट को सौंपी जा चुकी है। CBSE इस फॉर्मूले के आधार पर 31 जुलाई को रिजल्ट जारी कर सकता है। जो उससे संतुष्ट नहीं होंगे उनके लिए बाद में परीक्षा की व्यवस्था की जाएगी।