पूर्वी सिंहभूम। राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन ने रविवार को पूर्वी सिंहभूम जिला के चाकुलिया प्रखंड स्थित केएनजे हाई स्कूल में वन प्रबंधन एवं संरक्षण महासमिति और जोहार भारत फेडरेशन की ओर से आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान राज्यपाल ने कहा कि पर्यावरण सुरक्षा आज विश्व के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन गई है और इसके लिए पूरा विश्व चिंतित है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि पर्यावरण असंतुलन के कारण सूखा, अत्यधिक गर्मी, अनावृष्टि, बेमौसम अतिवृष्टि इत्यादि में वृद्धि हो रही है जिसके कारण करोड़ों लोग प्रभावित हो रहे हैं। इसका मुख्य कारण प्राकृतिक संसाधनों का अविवेकपूर्ण दोहन होना, कूड़े-कचड़े और अपशिष्ट पदार्थों का अनियोजित ढंग से फेंका जाना, कल-कारखानों के निर्माण के साथ ही उससे होने वाले प्रदूषण को रोकने के उपाय का अभाव, कीटनाशक पदार्थों का अंधाधुंध प्रयोग, वैज्ञानिक तकनीक का न अपनाना तथा जानकारी का अभाव होना है। उन्होंने कहा कि निरंतर बढ़ती हुई जनसंख्या की मौलिक आवश्यकताओं की पूर्ति तथा उनके आर्थिक स्तर में वृद्धि के लिए औद्योगिक विकास अत्यंत ही आवश्यक है। परिवहन के साधन में भी वृद्धि होना जरूरी है, लेकिन इसके साथ पौधरोपण में भी वृद्धि भी उसी अनुपात में आवश्यक है।
राज्यपाल ने कहा कि आज भू-गर्भ जल का स्तर निरंतर नीचे जा रहा है। विभिन्न जिलों में भ्रमण के क्रम में वहां जल-स्तर एवं सिंचाई संबंधी समस्या से लोगों ने मुझे अवगत कराया। उनके द्वारा उपायुक्त एवं सिंचाई विभाग के अधिकारियों को जल-संचयन हेतु लंबित परियोजनाओं को शीघ्र पूरा करने का निदेश दिया गया। इसके लिए राज्य सरकार का भी ध्यान आकृष्ट किया जा रहा है।
राज्यपाल ने कहा कि इस संस्था की ओर पांच जून से 17 जून तक गांवों में पर्यावरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया, आज समापन समारोह है। संस्था द्वारा पर्यावरण के क्षेत्र में कार्य किया जाना सराहनीय है। पर्यावरण के क्षेत्र में पद्मश्री जमुना टुडू का उल्लेखनीय योगदान रहा है। प्रधानमंत्री ने भी उनके कार्यों की सराहना की है।
राज्यपाल ने कहा कि ‘विश्व पर्यावरण दिवस’ के अवसर पर एनएसएस के स्वयंसेवकों के साथ राज भवन में उनके द्वारा 50 से अधिक पौधे लगाये गये। उनका प्रयास है कि आने वाले एक वर्ष में राज्य में एक करोड़ से अधिक पौधे लगाये जाये, जिसमें 90 प्रतिशत फलदार पौधे हों।
राज्यपाल ने कार्यक्रम में 10वीं की स्टेट टॉपर श्रेया एवं जिला टॉपर कुणाल, जो चाकुलिया के रहने वाले हैं, को सम्मानित किया। साथ ही पर्यावरण की रक्षा करने वाले एवं अन्य सामाजिक कार्य करने वाले लोगों को सम्मानित किया।