-दोनों राज्यों में लू और गर्मी से 14 सौ लोग बीमार
-यूपी के बलिया में चार सौ लोग अस्पताल में भर्ती
आजाद सिपाही संवाददाता
रांची/पटना/लखनऊ। झारखंड और बिहार समेत पूरा पूर्वी भारत प्रचंड गर्मी में झुलस रहा है। मॉनसून का कहीं पता नहीं है। केवल झारखंड और बिहार में ही पिछले तीन दिनों में 120 लोगों की मौत लू लगने और गर्मी के कारण होनेवाली दूसरी बीमारियों से हो गयी। इनमें झारखंड के 34 और बिहार के 86 लोग शामिल हैं। इन दोनों राज्यों में 14 सौ से अधिक लोग बीमार होकर अस्पतालों में इलाजरत हैं। उधर यूपी की स्थिति भी चिंताजनक है। वहां पिछले 72 घंटे में 54 लोगों के मरने की सूचना है, जबकि हजारों लोग बीमार हैं। अकेले बलिया में ही चार सौ लोग अस्पताल में भर्ती कराये गये हैं।
झारखंड में जानलेवा हुई गर्मी, अब तक 34 लोगों की मौत
झारखंड में गर्मी का कहर जारी है। प्रदेश में तेज लू और गर्मी की चपेट में आने से पिछले तीन दिनों में 34 लोगों की मौत हो गयी। मृतकों में सात पलामू के और पांच दुमका-गोड्डा के हैं। धनबाद में दो लोगों की जान गयी। रामगढ़, जमशेदपुर और रांची के खलारी में एक-एक व्यक्ति की मौत हुई। इस बीच गोड्डा का तापमान रविवार को 46 डिग्री को पार कर गया। मेदिनीनगर का पारा 44.8, देवघर का 44.7 और रामगढ़ का 43.4 डिग्री पर रहा। रांची में पारा 40.8 डिग्री पर रहा। राज्य में रात की गर्मी भी बढ़ गयी है। गर्म हवा के कारण रात का तापमान बढ़ा है।
बिहार में गर्मी और लू से 86 लोगों की मौत
पड़ोसी राज्य बिहार में पिछले 72 घंटे में 86 लोग गर्मी के शिकार बने। 35 लोगों की मौत तो पटना के दो बड़े अस्पतालों में हुई। इसके अलावा राज्य के विभिन्न जिलों में 51 लोगों की जान चली गयी।
यूपी में 54 लोगों की मौत, अकेले बलिया में चार सौ बीमार
उत्तर प्रदेश की हालत भी गर्मी के कारण बेहद खराब है। राज्य के विभिन्न हिस्सों में पिछले 72 घंटे के दौरान 54 लोगों की मौत लू लगने और गर्मी जनित दूसरी बीमारियों के कारण हो गयी। इसके अलावा करीब 14 सौ लोगों को विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। अकेले बलिया जिले में चार सौ लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इनमें अधिकतर की उम्र 60 साल से ज्यादा है।
ओडिशा में पारा 44 डिग्री के पार, एथलीट हुई बेहोश
ओडिशा के भुवनेश्वर में पारा 44 डिग्री के पार पहुंच गया है। यहां इंटर स्टेट एथलेटिक्स चैंपियनशिप का आयोजन हो रहा है। तेज गर्मी के चलते महिला एथलीट तेजस्विनी शंकर बेहोश होकर गिर गयीं। वहीं अन्य खिलाड़ियों को सिर पर पानी डालते देखा गया। वहीं राज्य में हीटवेव के चलते सात व्यक्तियों की मौत भी हो गयी है।
छत्तीसगढ़ में मॉनसून में देरी, गर्मी का कहर
छत्तीसगढ़ में इस साल जून में पड़ रही भीषण गर्मी को इस मौसमी घटना से जोड़कर देखा जा रहा है। आमतौर पर 10 से 15 जून तक मॉनसून पहुंच जाता है और मॉनसून आने से दो-तीन दिन पहले प्री-मॉनसून की बारिश शुरू हो जाती है। इसलिए जून में ज्यादा गर्मी महसूस नहीं की जाती। इस वर्ष मानसून लेट हुआ और गर्मी भी तेज पड़ने लगी है।