मुंबई: महाराष्ट्र में शिवसेना-एनसीपी-कांग्रेस ने गठबंधन कर सरकार बनाने की तैयारी कर ली है। लेकिन इस पूरे ऐपिसोड में सबसे ज्यादा किरकिरी किसी दल की हुई है तो वह है बीजेपी। बीजेपी ने आखिर किस बूते एनसीपी नेता अजित पवार पर भरोसा किया और सरकार बनाई? बीजेपी के नेता इस सवाल का जवाब बेहद घुमाकर दे रहे हैं। जहां एक तरफ पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने ‘सही समय पर सही बात’ करने की बात कहकर इस सवाल से कन्नी काट ली, वहीं बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने भी घुमा-फिराकर इस सवाल का जवाब दिया। एक न्यूज चैनल के कार्यक्रम में बीजेपी अध्यक्ष ने कहा, ‘अजित पवार को विधायक दल का नेता चुना। उन्हें सरकार बनाने के लिए अधिकृत किया। राज्यपाल ने भी सरकार बनाने को लेकर उनसे ही बात की। एनसीपी ने जब पहली बार सरकार बनाने में असमर्थता जताई तो उस पत्र पर भी अजित पवार के ही हस्ताक्षर थे। अब हमारे पास जो समर्थन पत्र आया, उस पर भी अजित पवार के ही हस्ताक्षर थे।’ इस दौरान अजित पवार से जुड़े केस वापस लिए जाने के सवाल पर शाह ने कहा कि उनसे जुड़ा कोई केस वापस नहीं लिया गया है।

Share.

Comments are closed.

Exit mobile version