लातेहार। लातेहार के भाजपा नेता जयवर्द्धन सिंह हत्याकांड का मुख्य आरोपी कैदी फरार हो गया है। बीते 14 जुलाई को उसकी गिरफ्तारी हुई थी। कोविड जांच में उसे कोरोना पॉजिटिव पाया गया था। उसकी जांच रिपोर्ट आने के बाद शनिवार को उसे राजहार स्थित कोविड-19 सेंटर में भर्ती कराया गया था। पुलिस सुरक्षा के बीच उसका इलाज चल रहा था। सोमवार को वह फरार हो गया। वह सुबह को शौचालय गया और वहीं बनी खिड़की से भाग निकला।
तलाश में पुलिस कर रही है छापेमारी
भाजपा नेता जयवर्द्धन सिंह हत्याकांड के मुख्य आरोपी की फरारी की सूचना मिलते ही पुलिस-प्रशासन ने आसपास के पूरे इलाके को सील करते हुए छापेमारी शुरू कर दी है। फिलहाल पुलिस के हाथ खाली हैं।
लातेहार जेल से भागे थे दो कैदी
इसके पहले शनिवार को लातेहार जेल की 25 फीट ऊंची दीवार को लांघकर दो कैदी फरार हो गए थे। इस मामले में एक कैदी को पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार कर लिया, लेकिन दूसरा कैदी अभी भी फरार है। इसी बीच सोमवार को भाजपा नेता हत्याकांड के कोरोना संक्रमित आरोपी के फरार होने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।
कोविड सेंटर की व्यवस्था पर भी सवाल
एक चर्चित मामले के मुख्य आरोपी अंशू प्रसाद के फरार होने के बाद से कोविड सेंटर की व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। बताया जाता है कि सेंटर की सुरक्षा में लापरवाही बरती जा रही है और यहां रखे गये लोगों के बाहर निकलने पर भी कोई रोक-टोक नहीं है। इस बारे में प्रशासन को कई बार सूचित भी किया जा चुका है।
रंगदारी के लिए तीन लाख देकर करायी थी भाजपा नेता की हत्या
बरवाडीह के भाजपा नेता जयवर्द्धन सिंह हत्याकांड में शामिल चार अपराधियों को पुलिस ने 14 जुलाई को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तार अपराधियों के पास से एक देसी पिस्टल, एक खोखा, पिलेट, आठ आठ मोबाइल, मोटरसाइकिल और 20 हजार नकद बरामद किया गया था। जयवर्द्धन की हत्या की डील तीन लाख रुपये में जेजेएमपी उग्रवादी संगठन के मनोहर परहिया द्वारा जेल से छूटे अपराधी से हुई थी। हत्या का मकसद क्षेत्र में दहशत फैलाना था, ताकि क्षेत्र में आसानी से लेवी मिल सके। इधर जेजेएमपी इस मामले में संलिप्तता से इंकार कर रहा है।