दिसंबर में हेमंत सोरेन के नेतृत्व में जब झारखंड में नयी सरकार ने कामकाज संभाला था, तभी कहा गया था कि राज्य की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। मुख्यमंत्री ने कई अवसरों पर कहा था कि राज्य का खजाना खाली है और आनेवाले दिनों में कई कड़े फैसले लिये जा सकते हैं। ऐसा हुआ भी और हेमंत सरकार ने फिजूलखर्ची पर सख्ती से रोक लगायी और सरकार की