आसनसोल। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) ने गंभीर अनियमितताओं के लिए देशभर के अपने विभिन्न प्लांटों में कार्यरत 21 ठेकेदार फर्मों को ब्लैकलिस्ट कर दिया है। यह कार्रवाई अनुबंध शर्तों के उल्लंघन, फर्जी दस्तावेज जमा करने, भ्रष्ट आचरण, खराब प्रदर्शन और मजदूरों के वेतन से जुड़ी अनियमितताओं के आरोपों में की गई है।
सेल के निर्देश के अनुसार, यह प्रतिबंध कॉरपोरेट कार्यालय सहित भिलाई, राउरकेला, बोकारो और इस्को (आईएसपी) स्टील प्लांटों के स्तर पर लगाया गया है। कई मामलों में प्रतिबंध की अवधि 2026-28 तक है, जबकि कुछ गंभीर आरोपों वाली फर्मों पर सन 2100 तक के लिए स्थायी रूप से ब्लैकलिस्ट करने का फैसला लिया गया है।
इस्को स्टील प्लांट के अधिकारी ने बताया कि जिन कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई हुई है, उन्होंने कंपनी की शर्तों का पालन नहीं किया या फर्जी दस्तावेज प्रस्तुत किए। भिलाई प्लांट से 11, बोकारो से 8, इस्को से 6 और राउरकेला से 4 कंपनियों के नाम इस सूची में शामिल हैं। इसके अलावा, केंद्रीय विपणन संगठन ने भी तीन ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट किया है।
सेल का यह कड़ा कदम पारदर्शिता और अनुशासन बनाए रखने के साथ-साथ श्रमिक हितों की रक्षा के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इससे अन्य ठेकेदारों के लिए भी एक स्पष्ट संदेश गया है कि नियमों के उल्लंघन की कोई भी गुंजाइश नहीं होगी।



