पंजाब में किसानो के साथ सरकार के केंद्रीय मंत्रियों की बैठक 5 घंटे से ज्यादा चली, लेकिन इसका कोई नतीजा न निकल पाने के कारण किसानो ने दिल्ली कूच करने का ऐलान कर दिया था। आज किसानो के दिल्ली कूच के कारण सभी बॉर्डर सील कर दिए गए हैं। दिल्ली पुलिस ने गाजीपुर, सिंघु, संभू, टिकरी समेत सभी बॉर्डर को छावनी में बदल दिया है। वहीं पुलिस ने भी ऐलान कर दिया है कि किसान आंदोलन की आड़ में उपद्रव करने वालो को बिलकुल भी नहीं बख्शा जायेगा, उनके खिलाफ सख्त कार्यवाही की जाएगी। वहीं शंभु बॉर्डर पर किसानों को काबू करने के लिए आंसू गैस छोड़े जा रहे हैं।
किसानो का प्रदर्शन उग्र होता जा रहा है
किसानो का प्रदर्शन उग्र होता जा रहा है, किसानो ने रबर बुलेट से हमला शुरू कर दिया है। आज तक से न्यूज़ कवर कर रहे सत्येंद्र को भी माथे में रबर बुलेट लगा है। किसानों को अपनी मांग शांति से प्रोटेस्ट के माध्यम करने का अधिकार है। लेकिन इस तरह के उपद्रव से उनका आंदोलन एक दंगे से ज्यादा और कुछ नहीं लगेगा। किसान नेताओं को उपद्रव करने वाले किसानों को समझाना चाहिए। इससे उनके आंदोलन को ही फर्क पड़ेगा। यह आंदोलन सिर्फ एक हंगामा बन कर रह जायेगा। किसान पुलिस पर पथरो से हमला कर रहे हैं। वहीं पुलिस भी जवाब में ड्रोन से आंसू गैस के गोले छोड़ रहे हैं। किसान किसी भी हाल में आगे बढ़ना चाह रहे हैं।
दिल्ली आने से रोकने के लिए सभी बॉर्डरों में किलेबंदी कर दी है
पुलिस ने किसानो को समझाया गया कि धारा 144 लगी हुई है, आप आगे नहीं बढ़ सकते हैं। लेकिन शंभु बॉर्डर में किसान पुलिस की बात मानने के लिए बिलकुल भी तैयार नहीं है। किसानों का पुलिस पर पथराव जारी है। किसानों को रोकने के लिए पुलिस जैसे ही ड्रोन से आंसू गैस छोड़ती है, किसान आंसू गैस का असर कम होते ही फिर से आगे बढ़ने की कोशिश करते हैं और पुलिस पर पथराव करते हैं।
वहीं दिल्ली पुलिस ने सभी बॉर्डरों में मल्टी बैरिकेडिंग कर दी है। दिल्ली पुलिस ने किसानो को दिल्ली आने से रोकने के लिए सभी बॉर्डरों में किलेबंदी कर दी है। हरियाणा सरकार से भी पत्र लिखकर किसानों को दिल्ली में प्रवेश न होने देने के लिए प्राथना की है।