रांची। नगर निगम ने अपनी स्वामित्व वाली दुकानों के बकाया किराए की वसूली को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। निगम ने 31 मार्च तक भुगतान की अंतिम तिथि निर्धारित करते हुए बड़े बकायादारों की सूची भी जारी कर दी है। सूची में कई ऐसे दुकानदार शामिल हैं, जिन पर लाखों से लेकर करोड़ों रुपये तक का बकाया है। निगम ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर किराया जमा नहीं करने वालों के खिलाफ झारखंड नगरपालिका अधिनियम 2011 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसमें दुकानों की अनुज्ञप्ति (लाइसेंस) रद्द करने के साथ-साथ दुकान खाली कराने की प्रक्रिया भी शामिल है। जारी सूची के अनुसार, अपर बाजार और आसपास के क्षेत्रों में कई बड़े बकायादार सामने आए हैं। इनमें शेड संख्या-05 के अंजय सरावगी पर लगभग 26.37 लाख रुपये, शेड संख्या-02 के राम सेवक साहू पर 23.34 लाख रुपये से अधिक बकाया है। वहीं, शेड संख्या-08 के शेखर शर्मा और किशन शर्मा पर करीब 18.96 लाख रुपये, शेड संख्या-10 के राधेश्याम अशोक कुमार पर 14.66 लाख रुपये, तथा प्लॉट संख्या 1862 के राम गोपाल पोद्दार पर लगभग 19.36 लाख रुपये का बकाया दर्ज किया गया है।
मछली पट्टी, लोहा पट्टी और सब्जी पट्टी क्षेत्रों में भी लाखों रुपये के बकायादार सामने आए हैं। मछली पट्टी में शंभु राम पर लगभग 13.95 लाख रुपये और शंकर झा पर 11.23 लाख रुपये से अधिक का बकाया है। वहीं, लोहा पट्टी में जगर्नाथ साहू और बिंदु देवी पर 13 लाख रुपये से अधिक की देनदारी दर्ज की गई है। इसके अलावा मार्केट रोड वेस्ट क्षेत्र में भी कई बड़े बकायादार चिन्हित किए गए हैं। यहां भोला चौधरी पर 20 लाख रुपये से अधिक, बृज बिहारी लाल पर करीब 12.42 लाख रुपये, और अजय कुमार साहू पर 8.10 लाख रुपये से अधिक का बकाया है। नगर निगम के अनुसार कुल बकाया राशि 6.51 करोड़ रुपये से अधिक है, जिसकी वसूली के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। नागरिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए 29 मार्च, रविवार को भी जन सुविधा केंद्र खुला रखा गया है, जहां होल्डिंग टैक्स, जलकर, ट्रेड लाइसेंस और दुकान किराया जमा किया जा सकता है। निगम प्रशासन ने सभी दुकानदारों से समय रहते बकाया राशि जमा करने की अपील की है, ताकि दंडात्मक कार्रवाई से बचा जा सके और शहर के विकास कार्यों में सहयोग सुनिश्चित हो सके।



