काठमांडू। अमेरिका द्वारा डिपोर्ट किए गए 10 भूटानी नागरिकों को भूटान सरकार ने अपने यहां रखने से इनकार करते हुए उन सभी को वापस नेपाल भेज दिया है। इनमें से तीन भूटानी शरणार्थियों को नेपाल में अवैध रूप से प्रवेश करने के कारण गिरफ्तार कर लिया गया है। अमेरिका जाने से पहले ये सभी 10 लोग नेपाल के भूटानी शरणार्थी शिविरों में रह रहे थे।
नेपाल के झापा जिले के एसपी मिलन केसी ने बुधवार को मीडियाकर्मियों को बताया कि अमेरिका से डिपोर्ट किए जाने के बाद अवैध रूप से नेपाल में प्रवेश करने वाले 10 में से तीन भूटानी नागरिकों को मंगलवार शाम को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में पता लगा है कि अमेरिका से डिपोर्ट होने के बाद भूटान सरकार ने उन्हें अपने यहां रखने से इनकार कर दिया जिसके बाद वो भारत के रास्ते नेपाल में दोबारा आ गए हैं।
अमेरिका की पूर्ववर्ती सरकार द्वारा नेपाल में रह रहे भूटानी शरणार्थियों को ले जाया गया था लेकिन अब उनको अमेरिका से वापस भेजा जा रहा है। बीते सोमवार को अमेरिका से दिल्ली होते हुए थिंपू भेजे गए 10 नागरिकों को भूटान सरकार ने अपने यहां रखने से इनकार किया है।
नेपाल में पुलिस नियंत्रण में लिए गए भूटानी नागरिकों ने बताया कि अमेरिका से डिपोर्ट होने के बाद उन्हें जब सोमवार को थिंपू एयरपोर्ट पर उतारा गया तो वहां की सरकार ने प्रति व्यक्ति 30 हजार रुपये देकर भूटान से विदा कर दिया। नेपाल में गिरफ्तार किए गए भूटानी नागरिकों ने बताया कि चूंकि वो नेपाल के भूटानी शरणार्थी शिविर से अमेरिका गए थे इसलिए भूटान सरकार ने उन्हें दोबारा शरणार्थी शिविर में रहने के लिए भेजा है।