कोलकाता। पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण के मतदान से पहले चुनाव आयोग ने कानून-व्यवस्था को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। भारत निर्वाचन आयोग ने राज्य के पुलिस महानिदेशक को 142 विधानसभा क्षेत्रों से जुड़ी एक विस्तृत सूची सौंपी है, जिसमें ऐसे लोगों के नाम शामिल हैं जो चुनाव प्रक्रिया के दौरान गड़बड़ी फैला सकते हैं।

सूत्रों के मुताबिक, 27 अप्रैल को मुख्य चुनाव अधिकारी (सीईओ) कार्यालय की ओर से यह सूची भेजी गई। पत्र में स्पष्ट निर्देश दिया गया है कि पहले चरण के दौरान जिन इलाकों से हिंसा, धमकी और मतदाताओं को डराने की शिकायतें मिली थीं, वैसी घटनाएं दोबारा न हों। आयोग ने अगले 72 घंटे को बेहद अहम बताते हुए पुलिस को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं।

इस सूची में कई प्रभावशाली नेताओं के नाम होने की चर्चा है। इनमें मोगराहाट पश्चिम के उम्मीदवार सामिम अहमद, फलता के जहांगीर खान, शेख शाहजहां और शिवप्रसाद हाजरा जैसे नाम शामिल बताए जा रहे हैं। इसके अलावा बसिरहाट क्षेत्र के बारिक विश्वास और साहानुर मंडल पर भी विशेष नजर रखने को कहा गया है।

आयोग द्वारा भेजी गई इस सूची में उत्तर और दक्षिण 24 परगना सहित कई जिलों के संदिग्ध व्यक्तियों के नाम और उनके संपर्क विवरण शामिल हैं। पत्र में यह भी कहा गया है कि जरूरत पड़ने पर पुलिस स्वतंत्र रूप से कार्रवाई कर सकती है। कलकत्ता उच्च न्यायालय के हालिया निर्देशों का हवाला देते हुए कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर जोर दिया गया है।

चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि वोटरों को डराने, बूथ कब्जाने या किसी भी तरह की हिंसा की कोशिशों पर ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति अपनाई जाएगी। पहले चरण में हुई हिंसा और उम्मीदवारों पर हमलों की घटनाओं को देखते हुए यह सख्त कदम उठाया गया है।

गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण के तहत 29 अप्रैल को 142 सीटों पर मतदान होना है। ऐसे में आयोग हर स्तर पर निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है।

Share.
Leave A Reply

Exit mobile version