नई दिल्ली: देश में कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccone) की किल्लत की खबरों के बीच अब एक अच्छी खबर सामने आई है. कोरोना महामारी के खिलाफ जारी सबसे बड़े टीकाकरण अभियान में अब रूसी वैक्सीन ( Russian Vaccine ) स्पूतनिक वी ( Sputnik V ) बड़ा रोल निभाने जा रही है. स्पूतनिक वी को लेकर एक और बड़ी खबर सामने आई है. डॉ रेड्डी लैबोरेटरीज ( Dr Reddys Lab ) के साथ अब शिल्पा मेडिकयर ( Shilpa Medicare ) ने भी वैक्सीन विनिर्माण को लेकर समझौता किया है.
फार्मा कंपनी शिल्पा मेडिकेयर ने सोमवार को कहा कि डॉ रेड्डीज लैबोरेटरीज के रूसी टीके का बडे़ पैमाने पर उत्पादन करेगी. इसके तहत साल भर में करीब 5 करोड़ वैक्सीन बनाने का लक्ष्य रखा गया है. शिल्पा मेडिकेयर के मुताबिक ‘कंपनी ने अपनी पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक इकाई शिल्पा बायोलॉजिकल प्राइवेट लिमिटेड (Shilpa Biologicals Private Limited) के माध्यम से डॉ रेड्डीज लैबोरेटरीज के साथ 3 साल के लिए एक बाध्यकारी समझौता किया है.
जिसके तहत कर्नाटक के धारवाड़ स्थित अपने बायोलॉजिक्स (R&D) एवं विनिर्माण केंद्र से स्पुतनिक वी वैक्सीन (Sputnik V Vaccine) का उत्पादन एवं सप्लाई भी खुद करेगी.’
शिल्पा मेडिकेयर ने कहा कि डॉ रेड्डीज एसबीपीएल (SBPL) को स्पुतनिक वी की तकनीक हस्तांतरित करेगी. इसके बाद वैक्सीन के दाम देश में कुछ कम हो सकते हैं. डॉ. रेड्डी लैबोरेटरीज ने कीमतों के ऐलान के वक्त कहा था, कि भारत में निर्माण के साथ ही इसके दाम में कमी की जा सकती है.
शिल्पा मेडिकेयर के मुताबिक उन्होंने स्पुतनिक वी की कुल 15 करोड़ दोहरी खुराक तैयार करने का लक्ष्य रखा है. इसमें एक साल में 5 करोड़ दोहरी खुराक तैयार होंगी. 3 साल के समझौते के हिसाब से देश के भीतर इस रूसी वैक्सीन की कुल 15 करोड़ वैक्सीन तैयार की जाएंगी.