रांची। झारखंड सरकार के मंत्री और कांग्रेस विधायक दल के नेता आलमगीर आलम के ओएसडी (ऑफिसर ऑन स्पेशल ड्यूटी) संजीव लाल के सहायक और उसके करीबियों के ठिकानों पर इडी की रेड जारी है। सोमवार की सुबह शुरू हुई इस रेड में अब तक 30 करोड़ से ज्यादा कैश बरामद हो चुका है।
जैसे-जैसे रेड आगे बढ़ रही है, कई चौंकाने वाले खुलासे भी हो रहे हैं। इस रेड के बाद संताल इलाके के एक बड़े पत्थर कारोबारी और सैकड़ों हाइवा के मालिक का नाम तेजी से हर किसी की जुबान पर आने लगा है। यह कारोबारी वर्ष 2019 में विस्फोटक रखने के आरोप में गिरफ्तार कर जेल भी भेजा गया था।
लेकिन जैसे ही सरकार बदली वह मौजूदा सरकार के ताकतवर मंत्री का खासम खास हो गया। विस्फोटक से जुड़े मामले को सीआईडी ने भी टेकओवर किया था। सीआईडी जांच से बचने के लिए उसने कई झूठे तथ्य पेश किए थे। जैसे-जैसे मंत्री जी की ताकत बढ़ती गई, उस व्यवसाई का कद और रुतबा दोनों बढ़ता चला गया। उसकी हनक इतनी है कि वह थानेदार और डीएसपी को हटवाने की धमकी दे चुका है। लोग बताते हैं कि मंत्री जी का हाथ सर पर पड़ते ही वह खुद को अकबर जैसा बादशाह समझने लगा।