- 18 को वोटिंग और 21 जुलाई को रिजल्ट
आजाद सिपाही संवाददाता
नयी दिल्ली। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद का कार्यकाल 24 जुलाई को खत्म हो रहा है। वह 2017 में देश के 15वें राष्ट्रपति चुने गये थे। इसे देखते हुए देश के 16वें राष्ट्रपति के लिए चुनाव की तारीखों का एलान निर्वाचन आयोग ने कर दिया है। राष्ट्रपति चुनाव के लिए 15 जून को अधिसूचना जारी होगी। 29 जून तक नॉमिनेशन किये जा सकेंगे। 18 जुलाई को चुनाव होंगे और 21 जुलाई को रिजल्ट का एलान किया जायेगा। हर प्रक्रिया की वीडियोग्राफी करायी जायेगी। यह जानकारी मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने संवाददाता सम्मेलन में दी। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति चुनाव में वोट देने के लिए चुनाव आयोग की ओर से दी गयी कलम का ही इस्तेमाल करना होगा। अगर कोई दूसरी कलम इस्तेमाल होती है, तो उसका वोट अमान्य घोषित कर दिया जायेगा। उन्होंने कहा कि 776 सांसद और 4033 विधायक, यानी कुल 4809 मतदाता वोट देंगे। इसमें ह्विप लागू नहीं होगा। मतदान पूरी तरह से गुप्त होगा। एनडीए के पास 48.9 फीसदी वोट, आंध्र प्रदेश और ओड़िशा से मांगा समर्थन
एनडीए आकंड़ों के करीब
राष्ट्रपति चुनाव में भाजपा नेतृत्व वाला एनडीए इस बार भी पिछली स्थिति को दोहराने की कोशिश में है। वह आकड़ों के काफी करीब है। एनडीए के पास कुल 48.9 फीसदी वोट हैं और विपक्ष के पास 51.1 फीसदी वोट हैं। भाजपा ने राष्ट्रपति चुनाव में जीत के लिए आंध्र प्रदेश और ओड़िशा से समर्थन मांगा है।
राज्यसभा चुनाव पर नजर
राष्ट्रपति चुनाव की प्रक्रिया में राज्यसभा सदस्य भी हिस्सा लेते हैं। ऐसे में 10 जून को राज्यसभा की 57 सीटों में 16 सीटों पर होने वाले चुनाव पर भी सभी की नजर टिकी हुई है। दरअसल 57 में से 41 सीटों पर उम्मीदवार निर्विरोध चुन लिये जायेंगे। जिन 16 सीटों पर चुनाव होना है, उनका फैसला महाराष्ट्र, राजस्थान, कर्नाटक और हरियाणा से होगा। यहां गुणा-गणित किसके पक्ष में जायेगी यह कहना मुश्किल है। इसका असर भी राष्ट्रपति चुनाव के वोट प्रतिशत पर होगा।