ललपनिया। बोकारो जिले के जगेश्वर बिहार थाना अंतर्गत लुगू पहाड़ की तलहटी स्थित डाकासाड़म गांव के निकट जंगल में बुधवार की सुबह सीआरपीएफ और नक्सलियों के बीच अचानक मुठभेड़ हो गई। नक्सलियों ने जवानों को देखते ही फायरिंग शुरू कर दी। सीआरपीएफ ने भी पलटवार करते हुए जवाबी फायरिंग शुरू कर दी। अंत में सीआरपीएफ जवानों को भारी पड़ता देख नक्सली घने जंगलों की ओर भाग निकले। नक्सलियों की संख्या 5 से 7 बतायी जा रही है, जो अत्याधुनिक हथियार से लैस थे। बोकारो के एसपी चंदन कुमार झा ने इसकी पुष्टि की है।
सीआरपीएफ चला रही थी सर्च अभियान
बतातें चलें कि नक्सलियों की ओर से 26 जून से दो जुलाई तक दमन विरोधी सप्ताह मनाए जाने को लेकर सीआरपीएफ 26वीं बटालियन के जवान सर्च अभियान चला रहे थे। इसी दौरान डाकासाड़म के निकट जंगल में सीआरपीएफ को नजदीक आता देख नक्सलियों ने उन्हें लक्ष्य कर गोलीबारी शुरू कर दी। इस पर जवानों ने भी जवाबी फायरिंग की। जिसके बाद नक्सली भाग खड़े हुए। सीआरपीएफ अधिकारियों में कमलेन्द्र प्रताप सिंह के अलावा नारायण वलाई थे।
गोमिया व नावाडीह के अधिकांश इलाके नक्सल प्रभावित
बेरमो अनुमंडल अंतर्गत गोमिया प्रखंड के महुआटांड़, चतरोचट्टी व जागेश्वर बिहार थाना क्षेत्र व रहावन ओपी के इलाके नक्सल प्रभावित क्षेत्र में आते हैं। जबकि नावाडीह प्रखंड के पेंक-नारायणपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ऊपरघाट क्षेत्र की गिनती अति उग्रवाद प्रभावित है। इन इलाकों में पुलिस-नक्सलियों के बीच समय-समय पर मुठभेड़ होता रहता है। हालांकि अब इसमें प्रशासन की सक्रियता बढ़ने के कारण नक्सली गतिविधियों में कमी आई है।