वाशिंगटन। भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इस समय अमेरिका के दौरे पर हैं। इस दौरे को लेकर जबर्दस्त उत्साह के बीच पहली बड़ी घोषणा हुई है। पता चला है कि भारत और अमेरिका के बीच सशस्त्र ड्रोन खरीद पर बड़ा सौदा किया गया है। व्हाइट हाउस ने इस सौदे को ‘मेगा डील’ करार दिया है।

जोरदार स्वागत के बीच वाशिंगटन पहुंचे प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के बीच व्यक्तिगत व उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल के बीच वार्ताएं होनी हैं। इस यात्रा के दौरान दोनों देशों के रिश्तों पर कई घोषणाएं भी की जानी हैं। इसके लिए मोदी और बाइडन संयुक्त रूप से पत्रकारों को संबोधित भी करेंगे। औपचारिक ऐलान की प्रतीक्षा के बीच मोदी के इस दौरे की पहली बड़ी घोषणा हुई है। अमेरिकी राष्ट्रपति के आवास व्हाइट हाउस की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन गुरुवार को भारत द्वारा खरीदे गए जनरल एटॉमिक्स एमक्यू-9 रीपर सशस्त्र ड्रोन की खरीद पर एक मेगा सौदे की घोषणा करेंगे।

29 हजार करोड़ रुपये का सौदा
एमक्यू-9 रीपर ड्रोन भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। इसकी तैनाती हिंद महासागर, चीनी सीमा के साथ अन्य अंतरराष्ट्रीय सीमाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करेगी। करीब 29 हजार करोड़ रुपये के इस सौदे से भारत को 30 लड़ाकू ड्रोन मिलेंगे। इनमें से 14 नौसेना और आठ-आठ वायुसेना और थल सेना को मिलेंगे।

जवाबी कार्रवाई करने में भी सक्षम
जनरल एटॉमिक्स एमक्यू-9 रीपर ड्रोन दुनिया के सबसे खतरनाक हथियारों में से एक है। यह मानव रहित हवाई वाहन 27 घंटे से अधिक समय तक 50,000 फीट की ऊंचाई पर उड़ सकता है। कैमरों, सेंसर और रडार से लैस यह खुफिया जानकारी एकत्र कर सकता है। इसकी खास बता यह है कि खतरों का पता लगाकर सतह से हवा में मार करने वाले हथियारों के खिलाफ जवाबी कार्रवाई कर सकता है।

Share.

Comments are closed.

Exit mobile version