रांची। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष बंधु तिर्की ने कहा कि राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को राज्यपाल के रूप में अपने संवैधानिक दायित्वों को पूरा करना चाहिए और उन्हें संवैधानिक प्रावधानों का अक्षरश: पालन करना चाहिए, जो अल्पसंख्यक संस्थाओं को संविधान के द्वारा दिया गया है।
श्री तिर्की ने कहा कि राज्यपाल से अनुरोध करने के साथ ही यह भी अपेक्षा है कि वह अल्पसंख्यकों को कम वरीयता देने के भारतीय जनता पार्टी के उन घोषित एजेंडे पर काम नहीं करें, क्योंकि वे राज्यपाल जैसे संवैधानिक पद पर बैठे हैं। श्री तिर्की ने कहा कि झारखंड के अनेक अल्पसंख्यक महाविद्यालयों को रांची विश्वविद्यालय के द्वारा यह निर्देश दिया गया कि वे चांसलर पोर्टल के माध्यम से ही अपने-अपने महाविद्यालयों में इस सत्र के विद्यार्थियों नामांकन करवायें। विश्वविद्यालय में यह कहा था कि यदि ऐसा नहीं होता है तो वैसे विद्यार्थियों का ना तो विश्वविद्यालय के द्वारा पंजीकरण किया जायेगा और ना ही उनकी परीक्षा ली जायेगी।
उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय के इस निर्णय पर अल्पसंख्यक महाविद्यालयों ने अपनी आपत्ति दर्ज करायी थी और इस पोर्टल से अपने आप को जोड़ने की बजाय उन्होंने राज्यपाल सह कुलाधिपति सीपी राधाकृष्णन से यह गुहार लगायी थी कि अल्पसंख्यक कॉलेजों चांसलर पोर्टल से न जुड़ने की छूट दी जाये।