रांची। धनबाद जज उत्तम आनंद की मौत 28 जुलाई, 2021 को हुई थी। उनकी इस पुण्यतिथि पर कोर्ट का फैसला आएगा। अदालत के फैसले पर धनबाद समेत पूरे प्रदेश की नजर है।
इस मामले में धनबाद के सीबीआई के विशेष न्यायाधीश रजनीकांत पाठक की अदालत ने स्पीडी ट्रायल किया। पांच महीने में 58 गवाहों का बयान दर्ज किया गया। सुनवाई के दौरान सीबीआई की क्राइम ब्रांच के स्पेशल पीपी अमित जिंदल ने आरोप पत्र के कुल 169 गवाहों में से 58 गवाहों का बयान दर्ज कराया था। सीबीआई ने दावा किया है कि आरोपित लखन वर्मा एवं राहुल वर्मा ने जानबूझकर जज को टक्कर मारी, जिससे उनकी मौत हुई।
क्या था मामला
जज उत्तम आनंद 28 जुलाई, 2021 को घर से मॉर्निंग वॉक के लिए निकले थे। इस दौरान रणधीर वर्मा चाैक पर एक ऑटो ने उन्हें टक्कर मारा था। अस्पताल ले जाने के बाद डॉक्टर्स ने उन्हें मृत घोषित कर दिया था। इस घटना का सुप्रीम कोर्ट और झारखंड हाई कोर्ट ने स्वतः संज्ञान लिया। झारखंड सरकार की अनुशंसा पर मामले की जांच सीबीआई को साैंप दी गई। झारखंड सरकार की एसआईटी ने मामले की जांच की। 20 अक्टूबर को सीबीआई ने हत्या का मामला दर्ज करते हुए चार्जशीट दायर किया। इसके अलावा ऑटो चोरी एवं मोबाइल चोरी की दो अलग एफआईआर दर्ज की गई।