पटना : सीबीआई मुजफ्फरपुर बालिका गृह शौनशोषण मामले की जांच पटना हाईकोर्ट की मॉनीटरिंग में करेगी. राज्य सरकार के अनुरोध पर हाईकोर्ट ने सोमवार को यह निर्णय लिया. हाईकोर्ट ने सीबीआई और राज्य सरकार को निर्देश दिया कि इस मामले में अब तक जो भी कार्रवाई की गयी है, उसकी पूरी जानकारी दो सप्ताह में अदालत को उपलब्ध करायी जाये. मुख्य न्यायाधीश राजेंद्र मेनन और न्यायाधीश राजीव रंजन प्रसाद की खंडपीठ ने इस संबंध में दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए यह निर्देश दिया. अदालत ने हाईकोर्ट प्रशासन से कहा कि इस पूरे मामले की सुनवाई और उसके ट्रायल के लिए विशेष न्यायालय के गठन की कार्रवाई शुरू की जाये, ताकि इस मामले के सभी अभियुक्तों की जमानत और अन्य मामलों की सुनवाई के लिए गठित विशेष न्यायालय और न्यायाधीश की अदालत में ही हो सके. अदालत ने इस मामले का ट्रायल फास्ट ट्रैक कोर्ट के माध्यम से करने की बात भी कही है.
हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से कहा कि पीड़ित लड़कियों के पुनर्वास के लिए सरकार ने क्या योजना बनायी है, उसकी भी पूरी जानकारी अगली सुनवाई पर अदालत को दी जाये. इससे पहले शनिवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा था कि मामले की सीबीआई जांच की मॉनीटरिंग के लिए हाईकोर्ट से सरकार अनुरोध करेगी.
एसएसपी ने इंस्पेक्टर विनोद कुमार सिंह को कर्तव्य की लापरवाही के लिए निलंबित कर दिया गया है
मुजफ्फरपुर बालिका गृह दुष्कर्म कांड के मास्टरमाइंड ब्रजेश ठाकुर की परेशानियां लगातार बढ़ रही हैं. मंगलवार को समस्तीपुर के आजाद चौक के पास स्थित मनोरमा लेन में ब्रजेश ठाकुर के वृद्ध आश्रम में भी छापेमारी की गयी. इसके साथ हीं आजाद चौक के पास स्थित ब्रजेश के कई ठिकानों पर भी छापेमारी की गई. शहर के आजाद चौक के पास मामले की जांच को डीडीसी और एसडीओ पहुंचे. ब्रजेश ठाकुर के ठिकाने पर अधिकारियों ने जांच-पड़ताल की. मनोरमा लेन का भवन ब्रजेश ठाकुर की मां के नाम से है.
दूसरी ओर मुजफ्फरपुर एसएसपी ने इंस्पेक्टर विनोद कुमार सिंह को कर्तव्य की लापरवाही के लिए निलंबित कर दिया गया है. वहीं, मिल रही जानकारी के मुताबिक सीबीआई की टीम मंगलवार को मधु के परिजनों से पूछताछ कर सकती है. टीम के कुछ सदस्य खुदीराम बोस सेंट्रल जेल में कैद ब्रजेश ठाकुर से भी पूछताछ करने जा सकते हैं. सीबीआई की टीम केस के आईओ सहित तीनों अधिकारियों के साथ केस से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है. पटना हाईकोर्ट ने बालिका गृह में लड़कियों के साथ हुए रेप के मामले में सीबीआई को नोटिस जारी करते हुए केस में अब तक की गयी कार्रवाई का ब्योरा मांगा है. विदित हो कि बिहार सरकार ने 26 जुलाई को मामले की जांच केंद्रीय एजेंसी से कराने की अनुशंसा की थी.