इसलिए बढ़ा है लोगों का भाजपा के प्रति आकर्षण

भाजपा के प्रति जनता का आकर्षण क्यों बढ़ा है, इस सवाल के जवाब में पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने बताया कि भाजपा जो कहती है वह करके दिखाती है। इस वजह से लोगों का विश्वास पार्टी की ओर बढ़ा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कश्मीर से अनुच्छेद 370 और 35 ए हटाकर तथा मुख्यमंत्री रघुवर दास ने संथाल और कोल्हान में विकास की गंगा बहा कर लोगों का दिल जीत लिया है। जब भाजपा से जनमानस की अपेक्षाएं पूरी हो रही हैं तो स्वाभाविक है कि पार्टी के प्रति लोगों का आकर्षण बढ़ेगा।

इधर, आजसू के पूर्व रांची महानगर उपाध्यक्ष और भाजपा के सदस्य कुंदन सिंह ने बताया कि पार्टी में संगठन का प्रारूप बहुत अच्छा है। यहां कार्यकर्ता के कर्म को देख कर मान-सम्मान मिलता है। उसके अलावा भाजपा देश की पहली ऐसी पार्टी है, जिसमें देश का हित पहले स्थान पर है। हमारे लिए भी देश पहले है। बाकी सारी चीजें बाद में हैं। भाजपा ने कश्मीर से अनुच्छेद 370 और 35 ए हटा कर यह साबित कर दिया है कि राष्टÑ भाजपा की पहली प्राथमिकता है।

कोई नहीं है टक्कर में

सदस्यता अभियान के लिहाज से झारखंड में भाजपा की अन्य दलों से तुलना करें, तो ये कहना होगा कि कोई दूसरा दल इस मामले में भाजपा के आसपास भी नहीं ठहरता। बाबूलाल मरांडी की पार्टी झाविमो ने जहां पांच लाख सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा था, वहीं झामुमो ने ऐसा कोई लक्ष्य रखा ही नहीं। पार्टी महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि झामुमो में सदस्यता अभियान अनवरत चलता रहता है। झारखंड में अपना आधार मजबूत करने में जुटा राजद ने भी हाल ही में सदस्यता अभियान शुरू किया है और इसमें पांच लाख सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा है। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अभय कुमार सिंह की अध्यक्षता में इस अभियान की शुरुआत की गयी है। इस मौके पर उन्होंने कहा कि पार्टी ने पूरे प्रदेश में पांच लाख सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा है। भाजपा की सहयोगी आजसू भी सदस्य संख्या का कोई टारगेट फिक्स करके नहीं चल रही। पार्टी के केंद्रीय प्रवक्ता देवशरण भगत ने कहा कि हम परिवार के लोगों को पार्टी का सदस्य बना रहे हैं। भाजपा की तरह हमने कोई लक्ष्य तय नहीं किया है।

भाजपा को जीत दिलाने में मदद करेंगे सदस्य

नवंबर-दिसंबर में झारखंड में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित है। इस चुनाव में भाजपा को बड़ी जीत दिलाने में सदस्यों की संख्या बहुत कारगर साबित होगी। पार्टी के राष्टÑीय कार्यकारी अध्यक्ष जेपी नड्डा के शब्दों में वर्ष 2014 में पूरे देश में हमारे ढाई करोड़ सदस्य थे। इस वर्ष हुए लोकसभा चुनावों में पार्टी को 18 करोड़ वोट मिले। वर्ष 2019 में पार्टी के सदस्यों की संख्या देश में 11 करोड़ से अधिक थी और हमें 22 करोड़ वोट मिले। ये आंकड़े हमारी ताकत हैं। वहीं मुख्यमंत्री रघुवर दास भी कह चुके हैं कि विधानसभा चुनावों में 65 प्लस का लक्ष्य हासिल करने के लिए पार्टी को एक करोड़ वोट हासिल करने होंगे। यही वजह है कि उन्होंने पार्टी के सभी विधायकों को 50-50 हजार नये सदस्य बनाने का लक्ष्य दिया है और पार्टी विधायक इस काम में पूरी लगन से जुटे हुए हैं। बीते विधानसभा चुनावों में भाजपा ने 37 सीटों पर अकेले जीत दर्ज की थी और पार्टी का वोट शेयर 31.3 प्रतिशत था। पार्टी इसे बढ़ा कर 50 फीसदी करना चाहती है और इस लिहाज से भाजपा के मेंबर काम के साबित होंगे। पार्टी प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव कहते हैं कि सदस्य संख्या बढ़ने का चुनावों के रिजल्ट पर जबर्दस्त असर होगा। जो पार्टी का सदस्य बन गया है, वह खुद तो वोट देगा ही दो-तीन और लोगों को वोट दिलवाने में मदद भी करेगा। भाजपा का सदस्यता अभियान छह जुलाई से शुरू हुआ था। पार्टी ने 25 लाख नये सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा था।

प्रदीप वर्मा हैं सदस्यता अभियान के प्रभारी

भाजपा के झारखंड में सदस्यता अभियान प्रभारी पार्टी के उपाध्यक्ष प्रदीप वर्मा हैं। उन्हीं के नेतृत्व में भाजपा झारखंड में सदस्यता अभियान चला रही है। विधायकों के अलावा सभी मोर्चा और प्रकोष्ठों को नये सदस्य बनाने का दायित्व दिया गया है। प्रत्येक सक्रिय कार्यकर्ता को 25 नये सदस्य बनाने हैं। झारखंड में पार्टी का सदस्यता अभियान पार्टी के राष्टÑीय महामंत्री अरुण सिंह की मौजूदगी में छह जुलाई से शुरू हुआ है। सदस्यों की संख्या का गणित पार्टी को विधानसभा चुनाव में जीत दिलाने में कितना कारगर साबित होगा यह तो चुनावों का रिजल्ट बतायेगा, पर इतना तो तय है कि इस बड़े लक्ष्य को हासिल करने के लिए पार्टी की कोशिश बेहद दमदार है।

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