नई दिल्ली: भारत के चंद्रयान-2 लॉन्च करने से कुछ वक्त पहले इसी साल अप्रैल में इजरायल ने भी अपना स्पेसक्राफ्ट बेरेशीट चांद पर भेजा था। हालांकि, इजरायल का यह मिशन सफल नहीं रह सका और स्पेसक्राफ्ट लैंड करते वक्त क्रैश हो गया। यह इजरायल का पहला प्राइवेट फंड स्पेसक्राफ्ट था। इजरायल की एक नॉन प्रॉफिट कंपनी ने इस स्पेसक्राफ्ट को लॉन्च किया था। अमेरिका की एक कंपनी आर्क मिशन फाउंडेशन भी इस प्रॉजेक्ट से जुड़ी थी।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यह दुनिया का पहला निजी चंद्र अभियान था। इस अभियान में अगर कामयाबी मिलती तो इजरायल रूस, अमेरिका और चीन के बाद चांद पर यान उतारने वाला चौथा देश बन जाता। इजरायल एयरोस्पेस इंडस्ट्रीज के अंतरिक्ष विभाग के महाप्रबंधक ओफेर डोरोन ने अपने यान के चन्द्रमा की सतह पर दुर्घटनाग्रस्त होने की पुष्टि की थी। डोरोन ने बताया था कि अंतरिक्ष यान टुकड़े-टुकड़े होकर अपने उतरने वाली जगह पर बिखर गया।
बताया जा रहा है कि यान के इंजन में तकनीकी समस्या आने के बाद इसका ब्रेकिंग सिस्टम नाकाम हो गया था। यह चंद्रमा की सतह से करीब 10 किलोमीटर दूर था। तभी पृथ्वी से इसका संपर्क टूट गया और यह चंद्रमा की सतह पर दुर्घटनाग्रस्त हो गया।