रांची। आजसू पार्टी के अध्यक्ष सुदेश महतो ने कहा है कि राज्य सरकार महिलाओं को सुरक्षा और सम्मान देने में असफल रही है। महिलाओं की सुरक्षा, कल्याण और उत्थान को लेकर चुनावों में झामुमो और कांग्रेस ने जितने वादे किए, वे सिर्फ धोखे साबित हुए हैं। सबसे बड़ा सवाल इज्जत और सुरक्षा का सामने है। हाल की कई घटना ने समाज को बेचैन किया है। महिलाओं में खौफ है।
महतो शुक्रवार को महिला प्रतिनिधि सम्मेलन में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि सरकार ने झारखंड की बहन-बेटियों को ठगने का काम किया है। अपने ही राज्य में झारखंड की बहन बेटियां सुरक्षित नहीं हैं। पुलिस फाइलों के मुताबिक इस साल के मई महीने तक यानी 5 महीने में बलात्कार की 666 घटनाएं हुई हैं। पिछले 29 महीनों (2020 से 2022 के मई तक) में राज्य में दुष्कर्म की 4079 घटनाएं हुई है। नाबालिग बच्चों के साथ दुष्कर्म, हत्या और प्रताड़ना की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। यह आंकड़े साबित करते हैं कि महिलाओं को सुरक्षा और सम्मान देने में सरकार असफल रही है।
उन्होंने कहा कि सम्मेलन के दौरान अखिल झारखंड महिला संघ के भावी कार्यक्रमों की रुपरेखा भी तैयार की गई है। इसी क्रम में आगामी 23 सितंबर को राज्य के सभी 260 प्रखंडों में अखिल झारखंड महिला संघ का प्रखंड सम्मेलन के आयोजन का निर्णय लिया गया। साथ ही 16 अक्टूबर को अखिल झारखंड महिला संघ के सभी जिलों में जिला सम्मेलन तथा 6 नवंबर को राज्यस्तरीय सम्मेलन के आयोजन का निर्णय लिया गया।
महिला प्रतिनिधि सम्मेलन में मुख्य रूप से डॉ. देवशरण भगत, हसन अंसारी एवं कुशवाहा शिवपूजन मेहता, राजेंद्र मेहता सहित केंद्रीय महिला समिति, महिला जिलाध्यक्ष, प्रखंड एवं नगर इकाई की महिला अध्यक्ष तथा त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में जीत दर्ज करने वाली आजसू से जुड़ीं महिलाएं शामिल थीं।