रांची। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने हेमंत सोरेन सरकार पर बड़ा हमला बोला है। पार्टी के प्रदेश कार्यालय में मंगलवार को आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने हेमंत सोरेन को झारखंड में करप्शन के स्लीपर सेल का इंचार्ज कहा। साथ ही हेमंत सोरेन सरकार पर लगभग चार वर्षो के कार्यकाल में 77000 करोड़ रुपए के घोटाले का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि हेमंत सोरेन के आका दिल्ली और पटना में बैठे हैं। सोनिया गांधी, राहुल गांधी, लालू यादव, नीतीश कुमार, मल्लिकार्जुन खड़गे आदि सभी के सहयोग से इस प्रदेश की संपत्ति लूटी जा रही है और संपत्ति का बंटवारा भी किया जा रहा है।
राष्ट्रीय प्रवक्ता ने कहा कि घमंडीया गठबंधन ने 2004 से 2014 तक देश की संपत्ति को लूटा। 2014 के बाद जब उनकी सरकार चली गई तब उन्होंने करप्शन की स्लीपर सेल को ढूंढना प्रारंभ किया। स्लीपर सेल उन्हें वैसे प्रदेशों में मिले, जहां उनकी गठबंधन की सरकार है। झारखंड में हेमंत सोरेन सरकार के साथ मिलकर उन्होंने लूटपाट शुरू की। पूरे झारखंड में करप्शन हो रहा है। झारखंड में अधिकारी और बिचौलिए मिलकर करप्शन कर रहे हैं। सभी के तार हेमंत सोरेन से जुड़े हुए हैं। चाहे माइंस घोटाला हो, मनरेगा घोटाला हो, ट्रांसफर पोस्टिंग घोटाला हो, रूलर डेवलपमेंट घोटाला हो, सभी के कनेक्शन कहीं ना कहीं करप्शन के स्लीपर सेल के इंचार्ज हेमंत सोरेन से जुड़ते हैं। इस करप्शन में इनके वित्त मंत्री, रूलर डेवलपमेंट मंत्री सहित कई अधिकारी और बिचौलिए शामिल हैं।
राष्ट्रीय प्रवक्ता ने कहा कि मनरेगा, कोल आवंटन, अवैध खनन, लैंड स्कैम आदि घोटाले ने झारखंड को कलंकित किया है। हेमंत सोरेन ने अपना, अपने पिता आदि का नाम बदलकर भूमि घोटाला किया है। इसके सारे दस्तावेज पार्टी के पास मौजूद है। फायरिंग रेंज के बगल में 100 एकड़ का जमीन घोटाला किया गया है। इसके अलावा कई संपत्तियां हैं। सीबीआई को 108 संपत्ति का ब्यौरा इन्होंने दिया है। कई संपत्तियों को ये खुद भूल गए हैं। राज्य के कई जिले के ये नागरिक बने हुए हैं। वह जहां जिस जिले में जाते हैं वही से इनकी रजिस्ट्री हो जाती है।
उन्होंने कहा कि हेमंत सोरेन सरकार ने जनता के साथ धोखा किया है। कांग्रेस और राजद के साथ मिलकर प्रदेश को लूट रहे हैं। इसके अलावा पूजा सिंघल, पंकज मिश्रा, अमित अग्रवाल, वीरेंद्र राम, मनीष रंजन, विष्णु अग्रवाल, छवि रंजन, राजीव एक्का (जो ट्रांसफर पोस्टिंग में एक्सपर्ट हैं), विशाल चौधरी, योगेंद्र तिवारी, विनय चौबे, रमेश कई ऐसे नाम है जिन्होंने प्रदेश में महालूट में शामिल हैं। इनमें से कई का शराब घोटाले में कई का बड़ा रोल है। मनोज कुमार आईएएस की पोस्टिंग में लाखों रुपए दिया गया। मनीष रंजन का इसमें बड़ा रोल है। अविनाश कुमार की दलालों को बॉडीगार्ड उपलब्ध कराने में संलिप्तता है।
हेमंत सोरेन ईडी के सवालों से जितना भी भागना चाहें, भाग लें लेकिन उनकी जगह सलाखों में है। झारखंड में जमीन बिकते हैं, फरमान बिकते हैं, दाम लगाओ तो ईमान बिकते हैं कहावत पूरी तरह सटीक बैठती है। कहीं भी किसी प्रकार की कोई सुनवाई नहीं है। भाजपा लुटेरों को बताना चाहती है वे लोग जितना भी भाग ले कामयाब नहीं होंगे, आज नहीं तो कल आप लोगों को सलाखों के पीछे जाना होगा क्योंकि आपने करप्शन किया है। भाजपा जीरो टॉलरेंस पॉलिसी पर चल रही है।