भारत के टेस्ट कप्तान विश्व क्रिकेट में एक ऐसा नाम बन गया है, जो हर मैच के साथ कोई न कोई रिकॉर्ड बना रहा है। कोहली का कद क्रिकेट में अब इतना बड़ा हो गया है कि मानो रिकॉर्ड्स उनका इंतजार करते हैं कि कब वो बल्लेबाजी के लिए मैदान पर आएं और उनके साथ एक नया रिकॉर्ड जुड़े। इसी क्रम को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ मुंबई में खेले जा रहे चौथे टेस्ट मैच के तीसरे दिन और कई उपलब्धि अपने नाम किया। विराट कोहली ने 15वां टेस्ट शतक लगाया और 147 रन बनाकर खेल रहे हैं। हम आपको बता रहे हैं कोहली ने कौन सी उपलब्धियां अपने नाम की।
कैलेंडर ईयर में 1000 रन बनाने वाले तीसरे भारतीय कप्तान: विराट कोहली ने अपनी पारी के दौरान 35वां रन बनाते ही 2016 में टेस्ट मैचों में एक हजार रन पूरे कर लिए। कोहली ने यह कमाल 11 टेस्ट मैचों में 71.50 के औसत से रन बनाकर किया है। उनसे पहले सिर्फ दो भारतीय टेस्ट कप्तान ही एक साल में एक हजार के आंकड़े को छू पाए थे। 1997 में सचिन तेंदुलकर ने बतौर टेस्ट कप्तान एक साल में एक हज़ार रन के आंकड़े को पार किया था। इसके बाद 2006 में राहुल द्रविड़ ने बतौर टेस्ट कप्तान ऐसा किया था। विराट कोहली ने एक साल में 1000 टेस्ट रन बनाते ही एक और उपलब्धि अपने नाम किया। उनसे पहले यह कारनामा राहुल द्रविड ने 2011 में किया था। पिछले 5 साल में कोई भी भारतीय खिलाड़ी एक साल में हजार टेस्ट रन नहीं बना पाया था। विराट ने इस सूखे को खत्म कर दिया है।
टेस्ट क्रिकेट में पूरे किए 4000 रन: इंग्लैंड के खिलाफ चौथे टेस्ट मैच के तीसरे दिन कोहली ने अपने टेस्ट करियर के 4000 रन पूरे किए। मुंबई टेस्ट की पहली पारी मे 41 रन बनाते ही कोहली ने इस मुकाम को हासिल कर लिया। उन्होंने 52 टैस्ट मैचों में 48.78 की औसत से ये रन बनाए हैं। इसमें 14 अर्धशतक और 15 शतक शामिल हैं। उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 211 है। विराट ने अपने टेस्ट करियर की 89वीं पारी में यह उपलब्धि हासिल की है। भारत की ओर से वीरेंद्र सहवाग ने सबसे तेज 4 हजार रन पूरे किए थे। उन्होंने 2006 में 79वीं पारी में यह उपलब्धि हासिल की थी।