रांची। राजधानी रांची के हरमू स्थित हरमू पार्क में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा के चेहरे पर कालिख पोतने के मामले में अरगोड़ा थाना पुलिस ने 17 वर्षीय किशोर को पकड़ा है। पुलिस ने किशोर को बाल संरक्षण से संबंधित कानूनी प्रक्रिया के तहत बाल सुधार गृह भेज दिया है। आरोपी हेहल इलाके का रहने वाला बताया गया है।
पुलिस के अनुसार, 27 सितंबर की देर शाम काले रंग के स्प्रे से डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा के चेहरे पर कालिख पोती गई थी। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस को घटनास्थल के पास कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले, जिसके आधार पर आरोपी की पहचान की गई।
पुलिस के मुताबिक, प्रतिमा पर कालिख पोतने से पहले किशोर ने पार्क में इमली के पेड़ के पास स्प्रे से अपनी इंस्टाग्राम आईडी लिखी थी। इसी आईडी को जांच का आधार बनाकर पुलिस ने आरोपी तक पहुंचने की कोशिश की। छानबीन के बाद पुलिस ने मंगलवार को उसे हेहल इलाके से पकड़ लिया।
जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी के पास से घटना में इस्तेमाल किया गया ब्लैक स्प्रे का डब्बा और मोबाइल फोन बरामद किया है। पुलिस का कहना है कि जिस स्प्रे से प्रतिमा पर कालिख पोती गई, वह किशोर को पार्क में ही मिला था। इसके बाद उसने पहले वहां अपनी इंस्टाग्राम आईडी लिखी और फिर उसी स्प्रे का इस्तेमाल प्रतिमा के चेहरे पर किया।
पुलिस जांच में किशोर के सोशल मीडिया इस्तेमाल और उसके व्यवहार से जुड़े कुछ तथ्य भी सामने आए हैं। पुलिस के अनुसार, वह अपने दोस्तों के बीच खुद को ‘डॉन’ कहता था और उसका व्यवहार कथित तौर पर उदंड था। घटना के पीछे उसकी मंशा और अन्य परिस्थितियों को लेकर पुलिस जांच जारी है।
जांच के दौरान किशोर की मां से भी पुलिस ने जानकारी ली। पुलिस के अनुसार, परिवार ने बताया कि किशोर ने आईफोन खरीदने की मांग की थी। आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं होने के बावजूद उसकी मांग पूरी करने के लिए परिवार ने जमीन बेचकर उसे आईफोन दिलाया था। पुलिस ने यह भी बताया कि फोन नहीं मिलने पर किशोर ने परिवार को आत्मघाती धमकी दी थी। हालांकि, घटना से इस पारिवारिक परिस्थिति का सीधा संबंध है या नहीं, इसकी पुलिस जांच कर रही है।
किशोर की उम्र 17 वर्ष होने के कारण पुलिस ने उसके खिलाफ बाल संरक्षण कानून के तहत निर्धारित प्रक्रिया अपनाई और उसे बाल सुधार गृह भेज दिया। बरामद मोबाइल फोन और स्प्रे को जांच में शामिल किया गया है। पुलिस उसके सोशल मीडिया अकाउंट, घटना के समय की गतिविधियों और प्रतिमा पर कालिख पोतने के पीछे की वजहों की भी पड़ताल कर रही है।

