खूंटी: आरसी बालक मध्य विद्यालय के प्रिंसिपल फादर बेनेदिक्त बारला पर 20 अक्टूबर की रात हुए जानलेवा हमले के विरोध में शुक्रवार को खूंटी में ईसाई और आदिवासी संगठनों ने मौन जुलूस निकाला। जुलूस में मसीही समुदाय के लोगों के साथ ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने हमले की कड़ी निंदा करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और फादर बेनेदिक्त बारला को न्याय दिलाने की मांग की।
कचहरी मैदान से शुरू हुआ मौन जुलूस
मौन जुलूस कचहरी मैदान से शुरू होकर मेन रोड होते हुए भगत सिंह चौक पहुंचा। इसके बाद जुलूस वापस लौटकर लोयोला इंटर कॉलेज परिसर पहुंचा, जहां सामूहिक प्रार्थना का आयोजन किया गया। इस दौरान फादर बेनेदिक्त बारला के शीघ्र स्वस्थ होने के साथ क्षेत्र में शांति और सद्भाव बनाए रखने की कामना की गई।
जुलूस में शामिल लोगों के हाथों में विभिन्न संदेश लिखी तख्तियां थीं। इन पर ‘शांति, प्रेम और न्याय, यही है हमारी आवाज’ और ‘हमारा मौन विरोध नहीं, न्याय की पुकार है’ जैसे संदेश लिखे थे। इन नारों के जरिए लोगों ने हिंसा के खिलाफ एकजुटता प्रदर्शित की और घटना में शामिल आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई।
ग्रामीण क्षेत्रों से भी पहुंचे लोग
मुख्य जुलूस के समापन के बाद दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से आए लोगों ने भी अलग-अलग समूहों में शहर की सड़कों पर मौन जुलूस निकाला। घटना को लेकर स्थानीय लोगों और मसीही समुदाय में आक्रोश देखने को मिला। लोगों ने एकजुट होकर पीड़ित के लिए न्याय और दोषियों को सजा देने की मांग की।
साप्ताहिक हाट के कारण यातायात प्रभावित
शुक्रवार को साप्ताहिक हाट और मौन जुलूस के कारण खूंटी शहर की यातायात व्यवस्था कुछ समय के लिए प्रभावित रही। सुरक्षा और विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस के अधिकारी और जवान विभिन्न स्थानों पर तैनात रहे। एहतियात के तौर पर कुछ वाहनों को शहर में प्रवेश से पहले वैकल्पिक मार्गों पर रोका गया।
पल्स अस्पताल में चल रहा है इलाज
गौरतलब है कि 20 अक्टूबर की रात हुए हमले में गंभीर रूप से घायल फादर बेनेदिक्त बारला का रांची स्थित पल्स अस्पताल में इलाज चल रहा है। घटना के बाद से ही स्थानीय लोगों और मसीही समुदाय में नाराजगी है। लोग उनके जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना कर रहे हैं और हमले में शामिल आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।



