-कोयला घोटाले में 8 नेताओं पर कार्रवाई
आजाद सिपाही संवददाता
रायपुर। छत्तीसगढ़ में सोमवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (इडी) ने 6 कांग्रेस नेताओं के ठिकानों पर छापा मारा। इसमें विधायक और पार्टी पदाधिकारी शामिल हैं। एजेंसी ने कोयला लेवी घोटाले में कार्रवाई की है। छत्तीसगढ़ में 4 दिन बाद यानी 24 फरवरी को कांग्रेस का अधिवेशन होना है। इसमें सोनिया गांधी और राहुल भी आएंगे। इससे पहले इडी ने छापा मारा हैं। कांग्रेस ने कहा कि ये कार्रवाई अधिवेशन को डिस्टर्ब करने के लिए है।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि पिछले 9 सालों में इडी ने जो रेड की हैं उसमें 95 प्रतिशत विपक्षी नेता हैं और सबसे ज्यादा कांग्रेस नेताओं के खिलाफ है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि अडाणी की सच्चाई खुलने और भारत जोड़ो यात्रा की सफलता से हताश हो चुकी भाजपा ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है। पार्टी रायपुर में इडी दफ्तर का घेराव करेगी।
बघेल ने ट्विट कर दी जानकारी:
भूपेश बघेल ने सोमवार को ट्वीट कर इडी के छापों की जानकारी दी। उन्होंने लिखा कि प्रदेश कांग्रेस कोषाध्यक्ष, पूर्व उपाध्यक्ष और विधायक समेत कई साथियों के घरों पर इडी ने छापा मारा है। चार दिन के बाद रायपुर में कांग्रेस का महाधिवेशन है। तैयारियों में लगे साथियों को इस तरह रोककर हमारे हौसले नहीं तोड़े जा सकते। भारत जोड़ो की सफलता और अडाणी की सच्चाई खुलने से भाजपा हताश है। यह ध्यान भटकाने का प्रयास है। हम लड़ेंगे और जीतेंगे।
इन पर हुई है कार्रवाई:
इडी ने प्रदेश कांग्रेस के कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल, भिलाई विधायक देवेंद्र यादव, प्रदेश प्रवक्ता आरपी सिंह, भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार मंडल के अध्यक्ष सन्नी अग्रवाल और विनोद तिवारी पर एक्शन लिया है। इनसे जुड़े रायपुर की श्रीराम नगर, डीडी नगर, गीतांजलि नगर, मोवा में छापे मारे गये। खनिज विकास निगम के अध्यक्ष गिरीश देवांगन और सारंगढ़ विधायक चंद्रदेव राय के घर भी कार्रवाई चल रही है।
एक आइएएस समेत नौ लोग जेल में हैं:
जांच एजेंसी ने बताया था कि छत्तीसगढ़ में ट्रांसपोर्ट किये जाने वाले हर टन कोयले पर 25 रुपये की अवैध वसूली की गयी थी। इसमें राजनेता, सरकारी अफसर और व्यापारी शामिल थे। इडी के मुताबिक, 2021 में 500 करोड़ रुपये की अवैध वसूली की गयी थी। अक्टूबर 2022 में भी इडी ने इस घोटाले के सिलसिले में 40 ठिकानों पर छापा मारा था। इस दौरान 4 करोड़ कैश, करोड़ों की संपत्ति और दस्तावेज बरामद किये गये थे। इस मामले में एक आइएस और 9 कारोबारी जेल में बंद हैं।