ग्रामीण विकास विभाग ने अबुआ आवास योजना के संबंध में सभी उपायुक्तों, उपविकास आयुक्तों को पत्र लिखा है. विभाग ने अबुआ आवास योजना अंतर्गत सभी योग्य लाभुकों, कच्चे घरों में रहने वाले, आवास विहीन लोगों की एक प्राथमिकता सूची तैयार कर भेजने को कहा है। दरअसल, झारखंड राज्य प्रायोजित अबुआ आवास योजना में आपकी योजना, आपकी सरकार, आपके द्वार कार्यक्रम के माध्यम से ग्रामीणों द्वारा आवास के लिए आवेदन लिया गया है. एक माह चले इस शिविर में बड़ी संख्या में लाभुकों ने आवेदन दिया है. विभाग ने इन आवेदनों की समीक्षा में पाया कि ग्रामीणों में इस योजना को लेकर काफी उत्साह है वहीं, ग्रामीण विकास विभाग ने इस योजना के तहत तीन वर्षों का जो भौतिक लक्ष्य निर्धारित किया है उससे कहीं अधिक आवेदन आवास के लिए मिले हैं, झारखंड सरकार ने सिर्फ इस वित्तीय वर्ष 2023-24 में दो लाख लाभुकों को आवास देने का लक्ष्य रखा है तीन साल में 8 लाख को आवास देना था, लेकिन शिविर में करीब 31 लाख आवेदन आवास के लिए आ गये जबकि, तीन सात में आठ से दस लाख को ही आवास देने का लक्ष्य है राज्य सरकार ने आवासों की समीक्षा की तो पाया कि इनमें 29 लाख के आवेदन कागजात सही हैं. ऐसे में राज्य सरकार ने यह घोषणा की थी कि सभी को आवास दिया जायेगा इसी आलोक में ग्रामीण विकास विभाग ने योग्य लाभुकों की प्राथमिकता सूची तैयार करके मांगी है.फिलहाल दो लाख लाभुकों का आवास स्वीकृत, 550 करोड़ दिये गये
ग्रामीण विकास विभाग ने दो लाख लाभुकों का आवास फिलहाल स्वीकृत कर दिया है खूंटी से इस योजना की शुरुआत हुई थी, इसके बाद गिरिडीह के ताभुकों को आवास देना था. लेकिन पूर्व सीएम के इस्तीफा देने के बाद वहां आयोजन नहीं हो सका. अब जमशेदपुर में नये सीएम चंपाई सोरेन द्वारा अबुआ आवास योजना के तहत आवास के लाभुकों को पहली किस्त की राशि दी जायेगी, हालांकि, विभाग ने पहली किस्त के तहत 550 करोड़ से अधिक की राशि आवंटित कर दी है शेष लाभुकों के लिए प्राथमिकता सूची तय करने के बाद राशि दी जायेगी