कांग्रेस पर लगा हत्या का आरोप
कोलकाता। पश्चिम बंगाल में पंचायत चुनाव के लिए नामांकन के बाद भी हिंसा का दौर जारी है। इसी क्रम में चुनाव से पहले शनिवार को मालदा जिले के कालियाचक इलाके में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के एक उम्मीदवार की कथित रूप से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। मृतक का नाम मुस्तफा शेख बताया गया है। वह सुजापुर ग्राम पंचायत के पूर्व प्रधान भी थे। इस बार भी उन्होंने नामांकन दाखिल किया था। उधर, तृणमूल ने इस घटना के लिए सीधे तौर पर कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया है। हालांकि कांग्रेस ने आरोपों को खारिज किया है। इसी के साथ आठ जून को पंचायत चुनाव की घोषणा के बाद से विभिन्न जिलों में हुई हिंसा में अब तक छह लोगों की जानें जा चुकी है।इससे पहले दक्षिण 24 परगना जिले के भांगड़ में गुरुवार को हुई हिंसा में तीन राजनीतिक कार्यकर्ताओं की मौत हो गई थी।
बदमाशों ने लाठी व रॉड से किया हमला
बताया जा रहा है कि कालियाचक थाना अंतर्गत सुजापुर गांव में दोपहर डेढ़ बजे मुस्तफा शेख जब साइकिल से घर लौट रहे थे, तभी उनपर बदमाशों ने बांस, लाठी व रड से हमला किया। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
तृणमूल समर्थकों ने किया प्रदर्शन
उधर, हत्या की खबर सामने आते हुए तृणमूल समर्थकों ने मालदा में राष्ट्रीय राजमार्ग 34 को अवरुद्ध कर जमकर प्रदर्शन किया। वहीं, स्थानीय तृणमूल विधायक व राज्य सरकार में मंत्री सबीना यास्मीन ने दावा किया कि इस हत्या के पीछे कांग्रेस है। उन्होंने कहा कि पंचायत चुनाव में कई उपद्रवियों को टिकट नहीं मिलने पर वे तृणमूल छोड़कर कांग्रेस में चले गए। उन्हीं लोगों ने मुस्तफा की हत्या की है। उन्होंने चुनाव आयोग से भी इसकी शिकायत की है। हालांकि कांग्रेस ने दावा किया कि इस घटना में उनकी पार्टी का कोई शामिल नहीं है।