-गौरवशाली अतीत और संघर्ष से समझौता नहीं, बदलेंगे राज्य के हालात
-आजसू पार्टी ने राज्य भर में मनाया बलिदान दिवस
-युवाओं को अलग राज्य आंदोलन के इतिहास से कराया गया रू-ब-रू
रांची। युवाओं को समर्पित बलिदान दिवस के रूप में आजसू पार्टी ने स्थापना दिवस राज्यभर में मनाया। इस दौरान सभी विधानसभा क्षेत्रों में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। पार्टी अध्यक्ष सुदेश कुमार महतो तमाड़ और सिल्ली विधानसभा में आयोजित बलिदान दिवस कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कहा कि बलिदान और संघर्ष हमारा स्वाभिमान है। हम सभी कार्यकर्ताओं को मिलकर झारखंडी अरमानों को पूरा करने की दिशा में संकल्पबद्ध होकर कार्य करना है। राज्य की अस्मिता की रक्षा का दायित्व हमारे कंधों पर है। सभी कार्यकर्ता समाज और संगठन के प्रति सभी दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा से करें। गौरवशाली अतीत और संघर्ष से समझौता नहीं, हम बदलेंगे राज्य के हालात। बदली परिस्थितियों में हमें एक अच्छे और बेहतर झारखंड का निर्माण करना है। कार्यकर्ताओं को अपने संघर्ष और एकजुटता को धार देना होगा। राज्य की मौजूदा राजनीतिक हालात को बदलने और झारखंड को विकास की पटरी पर वापस लाने के लिए एक साथ काम करना है।
आंदोलनकारियों को किया गया सम्मानित
बलिदान दिवस पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान झारखंड अलग राज्य के आंदोलनकारियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में शामिल हुए क्षेत्र के युवाओं को आंदोलनकारियों ने इतिहास की जानकारी दी। इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को ऐतिहासिक गौरव गाथा से जोड़ना और आंदोलनकारियों के विचारों को एकत्रित कर उनके अंदर राज्य के प्रति एक नयी ऊर्जा का संचार करना था। वीडियो चित्रण के माध्यम से युवाओं को झारखंड अलग राज्य आंदोलन की पीड़ा, वेदना, संघर्ष से अवगत कराया गया। इस दौरान पर्यावरण को स्वच्छ रखने और वर्तमान के साथ-साथ आने वाली पीढ़ी को एक बेहतर भविष्य देने के उद्देश्य से कार्यकर्ताओं ने हर विधानसभा क्षेत्र में पौधरोपण कर उनके संरक्षण का संकल्प लिया।
हर विधानसभा क्षेत्र में मना बलिदान दिवस
तमाड़ और सिल्ली- सुदेश कुमार महतो। गोमिया और डुमरी डॉ लंबोदर महतो। रामगढ़-चंद्र प्रकाश चौधरी और सुनीता चौधरी। मांडू- चंद्र प्रकाश चौधरी और निर्मल महतो। टुंडी और चंदनकियारी-उमाकांत रजक। जुगसलाई-राम चंद्र सहिस। खिजरी-हसन अंसारी। कांके-राजेंद्र मेहता। बड़कागांव-रौशन लाल चौधरी। सिसई-गुमला, बिसुनपुर- डॉ देवशरण भगत। हुसैनाबाद-कुशवाहा शिव पूजन मेहता। लोहरदगा-डॉ देवशरण भगत और नीरू शांति भगत। इचागढ़-हरेलाल महतो। हजारीबाग-विकास राणा। बरकट्ठा-प्रदीप मेहता। बरही- राज सिंह चौहान। मांडर- निर्मला भगत। हटिया-भरत काशी। चतरा-अशोक गहलोत। सिमरिया-गणेश गोंझू। लातेहार-लाल गुड्डू नाथ शाहदेव। गढ़वा-सतीश प्रसाद। जमुआ-दिनेश राणा। बेरमो-काशीनाथ सिंह। जमशेदपुर पूर्वी और पश्चिमी सपन सिंह देव और कन्हैया सिंह। पोटका-डोमन टुडु। सरायकेला-रविशंकर मौर्य। धनबाद-बिनय सिंह। कोडरमा-राज कुमार मेहता। सिंदरी और निरसा-राधेश्याम गोस्वामी। देवघर-राजा सैनी। मधुपुर-महेश राय। दुमका, जामा, शिकारीपाड़ा-अजय सिंह। नाला-जोबा रानी पाल और राजेश महतो। जगरनाथपुर-डॉ रीना गोड्सरा। छतरपुर-संजय रंजन सिंह। गोड्डा- सुरेश महतो। जामताड़ा-तरुण गुप्ता। पाकुड़-अकील अख्तर। राजमहल-चुतरानंद पांडेय। बहरागोड़ा-फणी भूषण महतो। रांची-जीतेंद्र सिंह। सहित विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में आजसू पाटी के पदाधिकारी, नेता और कार्यकर्ताओं ने बलिदान दिवस मनाया।