हिंदी सिनेमा के बेहतरीन अभिनेताओं में शुमार मनोज बाजपेयी एक बार फिर अपने दमदार किरदार से दर्शकों का दिल जीतने आ रहे हैं। इस बार वह फिल्म ‘गवर्नर’ में भारत के पूर्व रिजर्व बैंक गवर्नर एस. वेंकिटरमणन की भूमिका में नजर आएंगे। 12 जून को रिलीज़ होने वाली यह फिल्म 1991 के आर्थिक संकट और उस दौर में लिए गए महत्वपूर्ण फैसलों की कहानी है। मनोज बाजपेयी ने फिल्म, किरदार की तैयारी और निर्देशन सहित कई विषयों पर बातचीत की।
मनोज ने कहा कि वेंकिटरमणन के फैसलों को वह सिर्फ बोल्ड नहीं, बल्कि साहसिक मानते हैं। उन्हें एहसास हो गया था कि देश जिस स्थिति में पहुंच चुका है, वहां पारंपरिक उपाय कारगर नहीं होंगे। देश का सोना गिरवी रखने जैसा फैसला केवल आर्थिक नहीं, बल्कि भावनात्मक मुद्दा भी था। उन्होंने बताया कि किरदार की भाषा और बोलने के अंदाज पर काफी मेहनत की गई, क्योंकि वह दक्षिण भारत से आते हैं और साथ ही एक शिक्षित वरिष्ठ नौकरशाह भी हैं।
मनोज ने कहा कि वह इकॉनोमिक्स का छात्र नहीं रहे, इसलिए विषय को समझने में समय देना पड़ा। सड़क पर चलता हर व्यक्ति उन्हें एक संभावित किरदार की तरह दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि दर्शक हमेशा प्रामाणिक कहानियों से जुड़ते हैं। अवॉर्ड्स उस शाम तक अच्छे लगते हैं, उसके बाद उनका महत्व पीछे छूट जाता है। बॉक्स ऑफिस के आंकड़े उन्हें कभी ज्यादा प्रभावित नहीं करते।
Share.
Leave A Reply

Exit mobile version