रांची: मुख्यमंत्री रघुवर दास की अध्यक्षता में कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक में मुख्य सचिव राजबाला वर्मा ने कहा है कि राज्य में अपराध नियंत्रण के लिए पुलिस प्रशासन पूरी मजबूती के साथ काम करे। निर्देशों का पालन सख्ती से हो। इस प्रकार की रणनीति बनायें, जिससे अपराधियों में खौफ हो एवं कानून से खिलवाड़ करनेवालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाये। उन्होंने कहा कि राज्य में कानून बनाये रखने के लिए सभी स्तर पर काम करने की जरूरत है। साथ ही, पुलिस विभाग के सभी पदाधिकारी, सिपाही, इंस्पेक्टर से लेकर राज्य स्तर पर सभी पदाधिकारियों को सामूहिक जवाबदेह बनना होगा। बेहतर कार्य करने वाले थाना प्रभारियों को सम्मानित करें तथा लापरवाह पर कार्रवाई की जाये।
बंदियों की पेशी वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये हो
उन्होंने कहा कि कोर्ट में बंदियों की पेशी वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये हो। ट्रायल वाले मामलों में इ-पेशी करायें। पीपी एवं एपीपी की समीक्षा करें। उन्होंने निर्देश दिया कि थाना क्षेत्रों में नियमित गश्ती हो तथा लोगों से बात कर उनकी समस्याएं जानें। अपराध नियंत्रण में जनसंपर्क एक बड़ा माध्यम होता है। सीएस ने कहा कि जेलों में आये दिन मोबाइल एवं अन्य प्रतिबंधित वस्तुएं मिल रही हैं, यह खतरनाक संदेश है। जेलों की सुरक्षा को प्राथमिकता दें और मोबाइल डिडेक्टर मशीन जेलों में लगायें। मौके पर डीजीपी तथा प्रधान सचिव गृह ने भी विचार रखे। आइजी, उपायुक्त तथा पुलिस अधीक्षकों ने भी अपनी बात, सुझाव और समस्याओं से अवगत कराया।
बैठक में ये रहे शामिल
बैठक में डीजीपी डीके पांडेय, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव संजय कुमार, गृह विभाग के प्रधान सचिव एसकेजी रहाटे, कार्मिक विभाग की प्रधान सचिव निधि खरे समेत राज्य के आला पुलिस अधिकारी और उपायुक्त
उपस्थित थे।