पिछड़ा होने के चलते मुझे निशाना बनाया जा रहा
पटना. समाज कल्याण मंत्री मंजू वर्मा ने गुरुवार को कहा कि पिछड़ा वर्ग से होने के चलते मुझे निशाना बनाया जा रहा है। मुजफ्फरपुर बालिका गृह मामले में पति चंद्रशेखर वर्मा के शामिल होने के आरोप पर मंजू वर्मा ने कहा कि राजनीतिक साजिश के तहत मुझे और मेरे पति को फंसाया जा रहा है। मैं पति के साथ दो साल पहले मुजफ्फरपुर गई थी। एक बार ही मेरे पति मुजफ्फरपुर गए हैं। उन पर लगे आरोप अगर साबित होते हैं तो मैं मंत्री पद क्या राजनीति से संन्यास ले लूंगी। मैं विधायक पद से भी इस्तीफा दे दूंगी।
मंजू वर्मा ने कहा कि मैं स्वीकार करती हूं कि मेरे पति एक बार बालिका गृह गए थे
मंजू वर्मा ने कहा कि मैं स्वीकार करती हूं कि मेरे पति एक बार बालिका गृह गए थे। तब मैं भी उनके साथ थी। अगर वह एक बार भी नहीं जाते तब भी ऐसे आरोप लगाए जाते। मेरे पिछड़ी जाति से होने के चलते ऐसा हो रहा है। मैं कुशवाहा समाज से हूं इसलिए परेशान किया जा रहा है। 50 दिनों से यह मामला चल रहा है। अब तक सीपीओ रवि रोशन की पत्नी कहां थी? तेजस्वी यादव और जीतन राम मांझी गए और चंद घंटे बाद उसने यह आरोप लगा दिया। इसके पीछे राजनीतिक साजिश है। मेरे पति निर्दोष हैं। अब सीबीआई के पास मामले की जांच चली गई है। सच सामने आ जाएगा।
चार्जशीट दायर होने पर भी वे लोग नहीं देते इस्तीफा, मैं क्यों दूं
मंजू वर्मा ने कहा कि एक आरोपी की पत्नी ने मेरे पति पर आरोप लगाया तो क्या मैं इस्तीफा दे दूं? वे लोग चार्जशीट दायर होने के बाद भी इस्तीफा नहीं देते। मुझसे इस्तीफा मांग रहे हैं। मैं क्यों इस्तीफा दूं। मामला सीबीआई के पास चला गया है। मुख्यमंत्री को मुझ पर विश्वास था तभी मंत्री बनाया। मुख्यमंत्री को मैंने सच्चाई बता दी है। विभाग से तकरीबन 110 एनजीओ जुड़े हैं। इनमें से पांच के खिलाफ आपराधिक मामले सामने आए हैं। कोई एनजीओ गड़बड़ करता है तो इसमें विभाग की जिम्मेदारी बनती है। जो अधिकारी दागदार होंगे उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। दो साल पहले मैं मुजफ्फरपुर गई थी। करीब 20 मिनट रुकी। मैं महिला थी तब भी बच्चियों ने मुझे इस संबंध में नहीं बताया। उनके कपड़े गंदे थे और खाना बनवाया जा रहा था। इसके चलते मैंने एनजीओ संचालक को डांट लगाई थी। बृजेश ठाकुर से मेरा कोई संबंध नहीं है।