नई दिल्ली । देश की तीसरी सबसे बड़ी सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) सेवा प्रदाता कंपनी विप्रो ने चालू वित्त वर्ष 2023-24 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) के नतीजे का ऐलान कर दिया है। विप्रो का अप्रैल-जून तिमाही में मुनाफा 12 फीसदी बढ़कर 2,870 करोड़ रुपये रहा है। कंपनी को पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में 2,563.6 करोड़ रुपये का एकीकृत शुद्ध लाभ हुआ था।
कंपनी ने गुरुवार को जारी बयान में कहा कि चालू वित्त वर्ष 2023-24 की पहली तिमाही में उसका मुनाफा 12 फीसदी बढ़कर 2,870 करोड़ रुपये रहा, जबकि वित्त वर्ष 2022-23 की समान तिमाही में कंपनी को 2,563.6 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था। कंपनी ने बताया कि अप्रैल-जून तिमाही में परिचालन आय छह फीसदी बढ़कर 22,831 करोड़ रुपये रही। आईटी सेवा कारोबार खंड से राजस्व 272.2 करोड़ डॉलर से 280.5 करोड़ डॉलर के बीच रहने का अनुमान है।
विप्रो के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) थिएरी डेलापोर्ट ने कहा कि कंपनी का पहली तिमाही का परिणाम बड़े सौदों की बुकिंग, ग्राहकों की मजबूत वृद्धि और मजबूत मार्जिन के कारण हासिल हुआ है। कृत्रिम मेधा (एआई) पर उन्होंने कहा कि विप्रो एआई360 को बाजार में उतारना और एक अरब डॉलर के निवेश से कंपनी बदलाव वाले एक प्रमुख भागीदार के रूप में अपनी स्थिति को मजबूत करने में सफल रही है।