रांची । दुमका की बेटी अंकिता की निर्मम हत्या की खबर से पूरा राज्य हतप्रभ है। झामुमो महागठबंधन की सरकार में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। सोमवार को ये बातें आजसू के केंद्रीय मुख्य प्रवक्ता डॉ. देवशरण भगत ने कहीं। भगत ने कहा कि राज्य में कानून व्यवस्था पूरी तरह से चरमराई हुई है। सरकार की पहली प्राथमिकता नागरिकों की सुरक्षा होनी चाहिए। राज्य की कानून व्यवस्था चुस्त-दुरुस्त रहे, इस पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। लेकिन हकीकत के धरातल तस्वीर बिल्कुल उलट है। जब दुमका की बेटी रिम्स में जिंदगी की जंग लड़ रही थी, तब मुख्यमंत्री, मंत्री और झामुमो महागठबंधन के सारे विधायक लतरातु में पिकनिक मना रहे थे।
उन्होंने कहा कि पिछले ढाई सालों से राज्य में कई ऐसी घटनाएं घटी हैं, जिसने कानून व्यवस्था पर प्रश्न चिह्न खड़े किए हैं। ऐसा प्रतीत हो रहा है कि अपराधियों के मन से शासन, प्रशासन तंत्र का भय खत्म हो चुका है। कानून व्यवस्था सुधारने तथा धरातल पर कार्य करने के बजाए सरकार रोज नए इवेंट और एजेंडा लाकर जनता को भ्रमित कर रही है। इस तरह की घटना से राज्य की छवि खराब होती है। सरकार को इसे रोकने के लिए जिम्मेदारी भी तय करनी चाहिए। आजसू पार्टी इस पूरे घटना की कड़ी निन्दा करती है तथा दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की मांग करती है।