चाईबासा। मुख्यमंत्री रघुवर दास ने शुक्रवार को चाईबासा के टोंटो प्रखंड के सिरिंगसिया पंचायत में जन चौपाल लगायी और ग्रामीणों से रूबरू हुए। लोगों से संवाद करते हुए कहा कि मैं राज्य के सवा तीन करोड़ लोगों का सेवक हूं। गांव के लोगों तक विकास की रोशनी पहुंचाने और आपकी अपेक्षाओं तथा उम्मीदों को समझने आया हूं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने बड़े धैर्य से ग्रामीणों, आंगनबाड़ी सहायिकाओं, सेविकाओं और अन्य मुखियाओं की बातें सुनी।
सिर्फ कुर्सी तोड़ने के लिए कार्यालय नहीं है, शासन नहीं सेवा करें
क्या कर रहें हैं आप प्रखंड के अधिकारी। क्यों अब तक कुछ घर शौचालय से वंचित हैं? इस कार्य संस्कृति को बदलें। कौन हैं टोंटो प्रखंड के बीडीओ…इधर आयें….. क्यों उठ रहे हैं सवाल …जिन्हें काम नहीं करना है उन्हें सरकार वीआरएस दे देगी। सिर्फ कुर्सी तोड़ने के लिए कार्यालय नहीं है। शासन नहीं सेवा करें। डीडीसी आप मुझे इस मामले में पूरी रिपोर्ट दीजिए। दरअसल…टोंटो की रिवाली करवा ने मुख्यमंत्री को अपने गांव में कुछ घरों में शौचालय निर्माण नहीं होने की शिकायत की। इस पर सीएम नाराजगी व्यक्त कर रहे थे। उन्होंने कहा कि मैंने पिछले दिनों चाईबासा का दौरा किया था। मुझे लगा कि सभी ग्रामीणों को योजनाओं का लाभ पूरी तरह नहीं मिला है। यही वजह है मैं आपके बीच हूं। आपको जगाने की यह कोशिश है, मुझे खुशी है कि आप जग रहें हैं।
शहर में नहीं रहें अधिकारी, गांव-गांव जायें
मुख्यमंत्री ने महिला की शिकायत पर कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र का संचालन घर में क्यों किया जा रहा है। ऐसे में वहां भ्रष्टाचार हो रहा होगा। चाईबासा के अधिकारी और पदाधिकारी आप क्या सिर्फ चाईबासा में ही घूमते हैं। गांव की ओर नहीं जाते आप। सभी शहर में कम और गांव का दौरा अधिक करें। वहां की समस्याओं को जानें और उसे दूर करने का प्रयास करें। सरकार आदिवासियों के विकास के साथ कोई समझौता नहीं कर सकती। आप सभी ग्रामीणों का हक है कि अधिकारी और पदाधिकारी को गांव के घर घर तक बुलायें।
जमीन लीज पर देने वालों को काम भी मिले
एक महिला ने मुख्यमंत्री को बताया कि उनका क्षेत्र औधोगिक क्षेत्र में आता है। कंपनी जमीन लीज पर ले लेती है। लेकिन काम नहीं देती। हमें कहती है अशिक्षित को कैसे काम देंगे। इसपर मुख्यमंत्री ने डीडीसी को निर्देश दिया कि कंपनी वालों के साथ बैठक कर जमीन देने वालों को रोजगार दें। उन्हें प्रशिक्षण देकर नौकरी करने योग्य बनायें।
मुआवजा राशि सरकार हस्तांतरित करेगी
टोंटो के अशोक हांसदा ने मुख्यमंत्री से कहा कि सड़क चौड़ीकरण में उनकी जमीन गयी, लेकिन मुआवजा नहीं मिला। हमने सभी कागजात जमा कर दिये हैं। इसपर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार जल्द आप सभी को मुआवजा देगी। चाईबासा को उक्त राशि जल्द हस्तांतरित की जायेगी।
63 लाख की राशि से होगा पुल का निर्माण
सीलसिया गांव की एक महिला ने बताया कि शहीद स्मारक का सुंदरीकरण हो रहा है। लेकिन मुख्य सड़क पर पुल निर्माण नहीं हुआ है, जिससे परेशानी हो रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आप सभी इस तरह विकास की भूख जगायें। बहन जी आपके गांव में 63 लाख की लागत से पुल का निर्माण होगा। संविदा की प्रक्रिया आरंभ हो चुकी है।
इस अवसर पर डीडीसी आदित्य रंजन, जिला परिषद अध्यक्षा लालमुनि पुरती, टीएसी सदस्य जेबी तुबिद, बीस सूत्री उपाध्यक्ष संजू पांडेय, पूर्व मंत्री बड़कुंवर गागरई, सदस्य बीस सूत्री गुरुदेव दास, पूर्व विधायक पुतकर हेंब्रम सहित जिले के तमाम पदाधिकारी एवं ग्रामीण उपस्थित थे।