गृहिणियों से लेकर छात्रों और युवाओं तक को आर्थिक मजबूती
महिला सशक्तिकरण से लेकर रोजगार के वृहद् द्वार खोलता यह प्रण
झारखंड की जनता को भरोसा दिलाना होगा अब असली टास्क
नमस्कार। आजाद सिपाही विशेष में आपका स्वागत है। मैं हूं राकेश सिंह।
आसन्न विधानसभा चुनाव को लेकर झारखंड भाजपा ने चुनाव घोषणा पत्र जारी करने का सिलसिला शुरू कर दिया है। पार्टी ने इसकी पहली किस्त पंच प्रण के नाम से जारी कर दिया है, जिसमें पांच संकल्पों को समाहित किया गया है। इस घोषणा पत्र से साफ हो जाता है कि भाजपा इस चुनाव को कितनी गंभीरता से ले रही है। संकल्प पत्र में झारखंड के विकास के प्रति भाजपा का संकल्प तो दिखता ही है, साथ ही आम लोगों को पार्टी से जोड़ने का एक स्पष्ट विजन भी नजर आता है। झारखंड भाजपा ने इस बार एक नया प्रयोग करते हुए आम लोगों के सुझाव से यह घोषणा पत्र तैयार किया है, इसलिए इसे लेकर पार्टी कार्यकर्ता बेहद उत्साहित हैं। भाजपा अपने पांच वचनों के साथ चुनावी मैदान में शंखनाद कर चुकी है। ये पांच वचन महिलाओं को आर्थिक मजबूती के साथ-साथ, युवाओं को सरकारी नौकरी से लेकर रोजगार के वृहद् मौकों का द्वार खोलेगी, वहीं छात्रों को भी आर्थिक मजबूती और भविष्य गढ़ने की शक्ति प्रदान करती हुई दिखाई पड़ती है। वहीं गरीबों का सहारा बनेगी हर घर छत। भाजपा ने घर के हर मेंबर्स को ध्यान में रख कर इन पांच वचनों के साथ आगाज किया है। वैसे बिरसा मुंडा की जन्म जयंती पर भाजपा और भी घोषणाओं के साथ जनता के बीच अपनी दावेदारी पेश करेगी। घोषणा पत्र में गोगो दीदी योजना के जिस संकल्प का जिक्र है, उसके लिए तो पार्टी ने आवेदन भी भरवाना शुरू कर दिया है। छत्तीसगढ़ में हुए चुनाव में पार्टी ने यही काम किया था, जो उसकी जीत का प्रमुख कारण बना। इसलिए झारखंड में भाजपा ने अभी से ही अपने चुनावी वादों को धरातल पर उतारने का इरादा जाहिर कर दिया है। चुनाव पर इसका सकारात्मक असर पड़ना स्वाभाविक है। वैसे आक्रामक राजनीति के इस दौर में राजनीतिक दलों के चुनाव घोषणा पत्र का कोई खास मतलब नहीं रहता है, लेकिन झारखंड भाजपा ने इस बार जो प्रयोग किया है, उसका दूरगामी असर पड़ने की पूरी संभावना है। इस संकल्प पत्र के हथियार से अपने विरोधियों को पराजित करने की झारखंड भाजपा की यह रणनीति असरदार ही नहीं, प्रभावकारी भी होगी, ऐसा भाजपा नेताओं को यकीन है। क्या है झारखंड भाजपा के पंच प्रण की खास बातें और इसका आसन्न चुनावों पर क्या हो सकता है असर, बता रहे हैं आजाद सिपाही के विशेष संवाददाता राकेश सिंह।
महिला बनेगी सशक्त, कम होगी डिपेंडेंसी
नवरात्रि में शक्ति की आराधना और त्योहारों के उल्लास में डूबे झारखंड में आसन्न विधानसभा चुनाव का दूसरा आक्रामक दौर शुरू हो गया है। राज्य की सत्ता को फिर से हासिल करने के लिए जी-तोड़ कोशिश में जुटी भाजपा ने इस चुनाव के लिए पंच प्रण के नाम से अपने चुनाव घोषणा पत्र का पहला भाग जारी कर दिया है। इस घोषणा पत्र में पार्टी ने महिलाओं, युवाओं और गरीबों पर फोकस किया है।
पांच सौ में गैस सिलेंडर, दो गैस सिलेंडर मुफ्त भी
पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी के निर्देशन में तैयार इस घोषणा पत्र में भाजपा का संकल्प साफ दिख रहा है। पार्टी ने एक बार फिर दिखाया है कि भाजपा माताओं-बहनों को सशक्त बनाने पर काम कर रही है। इतना ही नहीं, इसके लिए उसके पास ठोस योजनाएं भी हैं। पार्टी ने महिला सशक्तिकरण के लिए शुरू की गयी योजनाओं की कड़ी में झारखंड में गोगो दीदी योजना शुरू करने का संकल्प व्यक्त किया है, जिसमें 18 से 50 वर्ष की महिलाओं को साल में 25 हजार दो सौ रुपये, यानी हर महीने 21 सौ रुपये दिये जाने की व्यवस्था है। पार्टी ने इस योजना के लिए आवेदन भरवाने का काम भी शुरू कर दिया है। इसके अलावा प् राज्य में लक्ष्मी जोहार शुरू करेगी, जिसके तहत सभी घरों में 500 रुपये में एलपीजी गैस सिलेंडर और साल में दो मुफ्त सिलेंडर उपलब्ध करायेगी। इन योजनाओं से महिलाओं का आर्थिक पक्ष मजबूत होगा। उनकी बहुत हद तक डिपेंडेंसी कम होगी। इस रकम से वे अपने बेहतर भविष्य के लिए पहला कदम उठा सकती हैं। भविष्य के लिए सेविंग्स भी कर सकती हैं।
पांच साल में पांच लाख स्वरोजगार के अवसर
पार्टी ने महिलाओं के साथ युवाओं पर भी फोकस किया है। पार्टी राज्य में सुनिश्चित रोजगार शुरू करेगी, जिसके तहत झारखंड में युवाओं के लिए 5 साल में 5 लाख स्वरोजगार के अवसर पैदा करेगी। इसके अलावा, 2.87 लाख खाली सरकारी पदों के लिए निष्पक्ष और पारदर्शी भर्ती की जायेग् पहली कैबिनेट बैठक में ही भर्ती प्रक्रिया शुरू की जायेगी, जिससे नवंबर 2025 तक 1.5 लाख भर्तियां पूरी हो जायेंगी। इसके अलावा, एक वार्षिक कैलेंडर पेश किया जायेगा, जिसमें सभी मौजूदा परीक्षाओं को एक ही परीक्षा में शामिल किया जायेगा।
हर स्रातक और स्रातकोत्तर को दो साल के लिए दो हजार रुपये प्रति माह
आज छात्र संघर्ष कर रहा है। पढ़ाई से लेकर, हॉस्टल तक का खर्चा उन्हें मानसिक रूप से टेंशन देते रहता है। इसका समाधान भाजपा लेकर आयी है। भाजपा उन युवाओं की चुनौतियों का समाधान करेगी, जो अपना करियर शुरू करने में संघर्ष कर रहे हैं। इसके लिए हर स्नातक और स्नातकोत्तर युवा को दो साल के लिए 2,000 रुपये प्रति माह का युवा साथी भत्ता देगी। इससे उन्हें अपनी पढ़ाई और करियर के खर्चों जैसे की किताबें और कोचिंग फीस को पूरा करने में मदद मिलेगी।
गरीबों के सर पर छत
भाजपा राज्य में घर साकार शुरू करेगी, जिसमे सभी के लिए गुणवत्तापूर्ण आवास सुनिश्चित करने के लिए घरों के निर्माण के लिए मुफ्त बालू उपलब्ध करायेगी, तथा प्रधानमंत्री आवास योजना को पूर्ण रूप से लागू करके 21 लाख घरों का निर्माण और प्रत्येक को ₹1 लाख की बढ़ी हुई सहायता प्रदान करेगी। इसके अतिरिक्त, 2027 तक जल जीवन मिशन के माध्यम से 59 लाख घरों को नल के पानी का कनेक्शन प्रदान किया जायेगा।
इन वादों को धरातल पर उतारने का प्लान
झारखंड भाजपा ने इन वादों को धरातल पर उतारने का प्लान भी तैयार कर लिया है। पार्टी का कहना है कि इन पांच संकल्पों को पूरा करने के लिए जरूरी रकम का इंतजाम कर लिया गया है। राज्य के खजाने पर इन योजनाओं का जो बोझ पड़ेगा, उसकी भरपाई आम लोगों पर बिना कोई अतिरिक्त बोझ डाले कर ली जायेगी। इसके लिए पूरी योजना तैयार है और सरकार बनते ही इस दिशा में काम शुरू कर दिया जायेगा। भाजपा का दावा है कि इन संकल्पों को पूरा करने के लिए केंद्र की मोदी सरकार से भी मदद ली जायेगी और कहीं कोई मुश्किल नहीं होगी।
पंच प्रण को लेकर पार्टी में उत्साह
हाल के दिनों में राजनीतिक दलों के चुनाव घोषणा पत्र को आम लोग गंभीरता से नहीं लेते हैं, लेकिन झारखंड भाजपा ने इस बार अपना पंच प्रण जनता के सुझाव से तैयार किया है। इसके लिए पार्टी ने बाकायदा एक सुझाव अभियान चलाया था और आम लोगों द्वारा दिये गये सुझावों को घोषणा पत्र में समाहित किया गया है। इसलिए इस घोषणा पत्र का स्वरूप इतना व्यापक हो गया है कि इसे पांच किस्तों में जारी किये जाने का फैसला हुआ है। पहली किस्त के जारी होने के बाद भाजपा के कार्यकर्ताओं में नये उत्साह का संचार हुआ है। पंच प्रण को देखने के बाद यह स्वाभाविक भी है, क्योंकि इसमें चुनाव जीतने के लिए भाजपा के संकल्प की झलक साफ दिखाई देती है। किसी भी मुकाबले में जीत हासिल करने के लिए जिस उत्साह और तैयारी की जरूरत होती है, पंच प्रण में वह साफ नजर आ रही है।
मतदाताओं पर क्या होगा असर
पंच प्रण का मतदाताओं पर क्या असर होगा, यह तत्काल तो नहीं कहा जा सकता है, लेकिन इतना तय है कि लोग इसे हवा-हवाई नहीं मानेंगे। झारखंड भाजपा ने चूंकि अपने संकल्पों को पूरा करने के लिए जरूरी कदमों की जानकारी भी साफ तौर पर दे दी है, तो लोगों में एक तरह का भरोसा जगेगा। महिलाओं और युवाओं के लिए पार्टी ने जो वादे किये हैं, उनका सकारात्मक असर जरूर पड़ेगा, ऐसा जानकारों का मानना है।
इस तरह झारखंड भाजपा ने अपने घोषणा पत्र की पहली किस्त के रूप में जारी पंच प्रण के साथ विधानसभा चुनाव में जीत के रास्ते पर आगे बढ़ने के अपने संकल्प को जनता के सामने रख दिया है। इसे झारखंड के लोग कैसे लेते हैं और भाजपा इसे लेकर कैसे आगे बढ़ती है, यह आनेवाले दिनों में देखने को जरूर मिलेगा। लेकिन इतना जरूर है पंच प्रण के रूप में भाजपा कार्यकर्ताओं को एक ऐसा अस्त्र मिल गया है, जिसे लेकर वे अभी से लोगों के पास जाने लगेंगे। पंच प्रण जारी होने के पहले सभी कुछ मौखिक था। भाजपा का यह पहला दस्तावेजी प्रमाण है, जिसे लेकर भाजपा कार्यकर्ता आसानी और सहज तरीके से लोगों के बीच जा सकते हैं।