चेन्नई: तमिलनाडु में सत्तारूढ़ अन्नाद्रमुक ने दिवंगत मुख्यमंत्री जयललिता की करीबी सहयोगी रहीं वीके शशिकला को पार्टी महासचिव बनाने का जोरदार समर्थन करते हुए कहा है कि लंबे समय से मरहूम नेता के साथ उनकी ‘‘घनिष्ठता’’ को देखते हुए उनका ‘‘स्वत:’’ और ‘‘सर्वसम्मति’’ से चुने जाने के योग्य हैं। पार्टी प्रवक्ता सी पोन्नियन ने कहा कि जयललिता अन्नाद्रमुक संस्थापक और अपने मार्गदर्शक एम जी रामचंद्रण की ‘‘करीबी’’ थीं और इसी तरह उनकी ‘‘घनिष्ठता’’ शशिकला से थी।
उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘चिनम्मा (जैसा कि पार्टी कार्यकर्ता शशिकला को संबोधित करते हैं) 33 साल तक अच्छे और बुरे वक्त में अम्मा के साथ रहीं। वह अम्मा की घनिष्ठ सहयोगी थीं और बनी रहीं। पार्टी को एकजुट रखने के लिए उन्होंने लंबे समय तक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इसलिए चिनम्मा स्वत: और सर्वसम्मति से महासचिव चुनी जाएंगी। इसमें कोई शक नहीं है।’’ उन्होंने विश्वास जताया कि पार्टी की फैसला लेने वाली इकाई आम परिषद और कार्यकारी परिषद को पार्टी के नेतृत्व के लिए शशिकला को चुनने का अधिकार है और इस संबंध में ‘‘आकांक्षाओं’’ को पूरा किया जाएगा। पोन्नियन ने कहा कि विपक्षी दलों का व्हाट्सएप्प और फेसबुक पर ‘‘शशिकला को बदनाम’’ करने और अन्नाद्रमुक को खत्म करने का अभियान सफल नहीं होगा।