रांची। रोशनी और खुशियों का महापर्व दीपावली इस बार कई शुभ संयोगों के साथ आया है। हिंदू धर्म में दीपावली का विशेष महत्व है। इस दिन मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा-अर्चना की जाती है। मान्यता है कि शुभ मुहूर्त में विधि-विधान से पूजा करने पर घर में सुख-समृद्धि और खुशहाली आती है। दीपावली के अगले दिन गोवर्धन पूजा का पर्व मनाया जाता है। ऐसे में आइए जानते हैं कि इस बार दीपावली और गोवर्धन पूजा कब मनाई जाएगी और पूजा के लिए कौन-सा समय शुभ रहेगा।
दिवाली पर लक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त
वर्ष 2026 में दीपावली का पर्व रविवार, 8 नवंबर को मनाया जा रहा है। रांची में मां लक्ष्मी की पूजा के लिए शुभ मुहूर्त शाम 5 बजकर 32 मिनट से रात 7 बजकर 30 मिनट तक रहेगा। यह समय प्रदोष काल और वृषभ लग्न का है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, वृषभ लग्न को स्थिर लग्न माना जाता है और इस दौरान मां लक्ष्मी की पूजा करना शुभ फलदायी माना जाता है।
गोवर्धन पूजा कब है और क्या है शुभ समय?
दीपावली के बाद गोवर्धन पूजा का पर्व मनाया जाता है। वर्ष 2026 में गोवर्धन पूजा मंगलवार, 10 नवंबर को होगी। रांची में पूजा का प्रातःकालीन शुभ मुहूर्त सुबह 5 बजकर 59 मिनट से 8 बजकर 13 मिनट तक रहेगा। इस दिन श्रद्धालु भगवान श्रीकृष्ण की पूजा करते हैं और गोवर्धन पर्वत की प्रतीकात्मक आकृति बनाकर अन्नकूट का भोग लगाते हैं।
क्यों मनाई जाती है गोवर्धन पूजा?
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, द्वापर युग में भगवान श्रीकृष्ण ने ब्रजवासियों को देवराज इंद्र के बजाय गोवर्धन पर्वत की पूजा करने का संदेश दिया था। इससे नाराज होकर इंद्रदेव ने ब्रज में मूसलाधार बारिश शुरू कर दी। बारिश से लोगों और पशुओं की रक्षा करने के लिए भगवान श्रीकृष्ण ने अपनी छोटी उंगली पर गोवर्धन पर्वत उठा लिया था।
कहा जाता है कि भगवान श्रीकृष्ण ने सात दिनों तक गोवर्धन पर्वत को उठाकर ब्रजवासियों को इंद्र के प्रकोप से बचाया था। तभी से गोवर्धन पूजा की परंपरा चली आ रही है।
इस दिन घरों में गोबर से गोवर्धन पर्वत बनाया जाता है। भगवान श्रीकृष्ण को अन्नकूट का भोग लगाया जाता है। साथ ही गायों की पूजा कर परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की जाती है।
दिवाली और गोवर्धन पूजा का महत्व
दीपावली को धन, वैभव और समृद्धि का पर्व माना जाता है। इस दिन मां लक्ष्मी के साथ भगवान गणेश की पूजा की जाती है। वहीं गोवर्धन पूजा प्रकृति, पर्यावरण और गौवंश के प्रति सम्मान का संदेश देती है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, दीपावली पर मां लक्ष्मी की पूजा और गोवर्धन पूजा पर भगवान श्रीकृष्ण की आराधना करने से जीवन में सुख-शांति और समृद्धि आती है।



