- 90 हजार करोड़ की 99 योजनाएं हमने शुरू करायी : प्रधानमंत्री
- पीएम मोदी ने पलामू की धरती को धन्य कर दिया : मुख्यमंत्री
मेदिनीनगर। शिलान्यास समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि किसानों की समृद्धि के लिए आजादी के बाद से क्या प्रयास हुए, इसकी गवाही यह मंडल डैम दे रहा है। आधी सदी गुजर गयी और मंडल डैम खंडहर में बदल गया। 1972 से डैम निर्माण हेतु फाइल चली और भटकती रही। उसके बाद 25 साल से काम बंद हो गया। क्या अगर इस डैम का निर्माण होता, तो किसान कर्जदार बनता। साथ ही 30 करोड़ की योजना दो हजार करोड़ तक नहीं पहुंचती। यह किसानों के प्रति किया गया अपराध है, क्योंकि पूर्व की सरकार ने किसानों को वोट बैंक के तौर पर देखा, लेकिन वर्तमान सरकार किसानों को वोट बैंक नहीं, अन्नदाता समझती है।
प्रधानमंत्री ने इस काम के लिए झारखंड और बिहार सरकार के साथ चतरा, पलामू और औरंगाबाद के सांसदों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि इनकी मेहनत का परिणाम है कि आज इस मंडल डैम समेत छह सिंचाई और पेयजल आपूर्ति योजनाओं का शिलान्यास हो रहा है। पीएम मोदी ने कहा कि 90 हजार करोड़ की लागत से 99 अधूरी परियोजना पूर्ण हो रही है।
पीएम मोदी ने कहा कि 2014 से पूर्व पांच साल के दौरान पूर्व की सरकार ने 25 लाख घरों का निर्माण गरीबों के लिए किया, लेकिन 2014 के बाद पांच साल में 1.25 करोड़ घरों का निर्माण हो चुका है। यह वर्तमान सरकार का वादा है कि 2022 तक सभी गरीबों को गुणवत्तापूर्ण पक्का मकान उपलब्ध कराया जायेगा। मौके पर पीएम ने झारखंड के 25 लाख गरीब लोगों को गृह प्रवेश कराया। उन्होंने कहा कि 2011 की जनगणना के अनुसार सभी गरीबों को आवास उपलब्ध कराना सरकार का लक्ष्य है। इस बात की भी खुशी है कि हमारी माताएं और बहनें अब घर की मालकिन बन रही हैं, क्योंकि उनके नाम पर ही आवास का आवंटन ग्राम सभा के माध्यम से किया जा रहा है।
प्रधानमंत्री ने बताया कि आयुष्मान भारत योजना का शुभारंभ झारखंड से हुआ। योजना के एक सौ दिन होने के बाद सात लाख लोगों को योजना का लाभ मिला। हर दिन 10 हजार लोग योजना के दायरे में आ रहे हैं। झारखंड के 28 हजार लोगों ने योजना का लाभ लिया।
मेदिनीनगर। मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि 47 साल से लंबित मंडल डैम योजना को पुन: प्रारंभ कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पलामू की धरा को धन्य कर दिया। इस योजना के अपूर्ण कार्य का शुभारंभ करने के लिए प्रधानमंत्री के साथ चतरा, पलामू और औरंगाबाद के सांसद बधाई के पात्र हैं। इस योजना से झारखंड और बिहार के किसानों को लाभ होगा। झारखंड की 19 हजार 604 हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी। पलामू को पलायन के अभिशाप से मुक्ति भी मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि 2014 से पूर्व राज्य की 91 हजार हेक्टेयर भूमि सिंचित थी, लेकिन विगत चार साल में यह आंकड़ा 2.10 लाख हेक्टेयर तक पहुंच गया। जय जवान जय किसान के नारे को सार्थक कर सरकार कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले दिनों में राज्य के 14 लाख गरीब परिवारों को गैस कनेक्शन दिया जायेगा। ऐसे करीब 60 प्रतिशत परिवार को धुआं से मुक्ति प्रदान करने का लक्ष्य निर्धारित है। झारखंड इकलौता ऐसा राज्य है, जो गरीबों को गैस के साथ चूल्हा भी मुफ्त दे रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हम यह नहीं कहते कि झारखंड बदल गया। लेकिन 2014 के झारखंड की तुलना 2019 के झारखंड से करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ लोग प्रधानमंत्री को हटाना चाहते हैं, क्योंकि मोदी गांव, गरीब, किसान, महिलाओं और नौजवानों के संबंध में कार्य करते हैं। मौके पर चतरा के सांसद सुनील कुमार सिंह ने स्वागत संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री के प्रयास से पलामू का 45 साल पुराना सपना आकार ले रहा है। पलामू सुखाड़ से मुक्ति की ओर चल पड़ा है। धन्यवाद ज्ञापन पलामू के सांसद विष्णुदयाल राम ने किया।
प्रधानमंत्री ने सांकेतिक तौर पर कलेश्वरी देवी, ललित देवी, रीना देवी, देववंति देवी को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित घर की चाबी सौंपी। इस अवसर पर योजना के तहत 25 हजार लाभुकों को घर की चाबी दी गयी। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री सुदर्शन भगत, सूबे के नगर विकास मंत्री सीपी सिंह, स्वास्थ्य मंत्री रामचंद्र चंद्रवंशी, औरंगाबाद के सांसद सुशील कुमार सिंह, गया के सांसद हरि मांझी, डालटनगंज के विधायक आलोक चौरसिया, मनिका के विधायक हरिकृष्ण सिंह तथा अन्य उपस्थित थे।