रांची। पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से संबंधित 8.5 एकड़ बड़गाईं अंचल की जमीन दखल के मामले में बड़गाईं अंचल के राजस्व निरीक्षक (हल्का कर्मचारी) भानु प्रताप प्रसाद की रिमांड अवधि खत्म होने पर मंगलवार को कोर्ट में पेश किया गया। इस दौरान ईडी की ओर से भानु को पूछताछ के लिए फिर से पांच दिनों की रिमांड की मांग की गई।
इसका भानू के अधिवक्ता ने विरोध किया। ईडी के विशेष लोक अभियोजक शिव कुमार की बहस सुनने के बाद ईडी के विशेष न्यायाधीश राजीव रंजन की अदालत ने भानू से चार दिनों तक पूछताछ करने की अनुमति दे दी है। ईडी की टीम भानु को साथ लेकर ईडी कार्यालय रवाना हो गयी। पेशी से पहले भानु का मेडिकल कराया गया।
ईडी की अब तक की जांच में यह पता चला है कि भानू प्रताप ने बरियातू में 8.5 एकड़ जमीन सहित अवैध रूप से संपत्ति हासिल करने में हेमंत सोरेन की सहायता की है। पूछताछ में कई और अहम खुलासे हो सकते हैं। भानु प्रताप पहले से ही बरियातू की सेना की जमीन घोटाला मामले में जेल में बंद हैं। ईडी ने भानु को पांच फरवरी को इस मामले में गिरफ्तार किया था।
ईडी हेमंत सोरेन और भानु प्रताप को आमने-सामने बैठा कर पूछताछ कर रही है। क्योंकि, भानु प्रताप के आवास से ही बरामद दस्तावेज और उसके मोबाइल से मिली जानकारी के आधार पर ईडी ने इस मामले में ईसीआईआर 6 /2023 दर्ज किया है और मामले की जांच कर रही है। इस मामले में भानु प्रताप प्रसाद, हेमंत सोरेन एवं अज्ञात अन्य को आरोपित बनाया गया है।