-रांची के पूर्व डीसी से पूछताछ, सीएम के प्रेस सलाहकार के पीए के घर छापा और सात में से छह आरोपी एक बार फिर रिमांड पर
-तीसरी बार समन पर पहुंचे आइएएस छवि रंजन
-उदय कुमार के घर सुबह पहुंचे इडी के अधिकारी
-गिरफ्तार सात अभियुक्तों को कोर्ट में किया गया पेश
आजाद सिपाही संवाददाता
रांची। रांची में सेना की जमीन के फर्जीवाड़ा में प्रवर्तन निदेशालय (इडी) ने जांच तेज कर दी है। सोमवार को रांची के पूर्व उपायुक्त छवि रंजन से इडी कार्यालय बुलाकर पूछताछ की गयी। मुख्यमंत्री के प्रेस सलाहकार अभिषेक प्रसाद पिंटू के पर्सनल सेक्रेटरी (पीए) उदय कुमार के ठिकाने पर छापेमारी की। वहीं, इस मामले में पूर्व में गिरफ्तार सात आरोपियों को इडी की विशेष अदालत में पेश किया गया। जहां से उनमें से छह को एक बार फिर रिमांड पर लिया गया, जबकि एक आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। इडी सूत्रों की मानें तो गिरफ्तार आरोपियों से जमीन घोटाले से संबंधित कई महत्वपूर्ण तथ्य मिले हैं। जिस वजह से इडी ने एक बार फिर सात में छह आरोपियों को रिमांड पर लिया है। जिससे उनसे और पूछताछ की जा सके। उधर, छवि रंजन ने कुछ सवालों का जवाब दिया, जबकि कुछ सवालों में उलझे। उनके कई जवाब से अधिकारी संतुष्ट नहीं हुए। उन्हें आने वाले दिनों में फिर पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है।
10 घंटे हुई छवि रंजन से पूछताछ:
रांची के पूर्व डीसी (वर्तमान में समाज कल्याण विभाग के निदेशक) छवि रंजन सोमवार सुबह करीब 10:30 बजे ही इडी आॅफिस पहुंचे। उनसे 10 घंटे पूछताछ हुई। इस दौरान उनका मेडिकल जांच भी कराया गया। सूत्रों के मुताबिक इडी ने छवि रंजन से सेना की जमीन में फर्जीवाड़ा समेत अन्य जमीनों के बारे में पूछा। इसके अलावा इडी ने इसके जरिए काली कमाई के बारे में भी पूछताछ की। सेना जमीन रजिस्ट्री को ले कर रजीस्ट्रार की लिखित टिप्पणी पर भी अधिकारियों ने उनसे सवाल पूछे। उनसे पूर्व में गिरफ्तार आरोपियों को आमने-सामने करके भी पूछताछ हुई। छवि रंजन कई सवालों में उलझे और साफ जवाब नहीं दे पाये। गौरतलब है कि इडी ने दस्तावेज में जालसाजी कर जमीन की खरीद-बिक्री मामले में बीते 13 अप्रैल, 2023 को झारखंड, बिहार और बंगाल के करीब 22 ठिकानों पर छापेमारी की थी। इसमें छवि रंजन के अलावा जमीन कारोबारी, बड़गाई अंचल के अंचल अधिकारी और कर्मचारी भी आये। इडी ने सात लोगों को गिरप्तार किया। इसके बाद छवि रंजन को पूछताछ के लिए बुलाया। छवि रंजन तीसरी बार समन के बाद सोमवार को इडी कार्यालय पहुंचे थे। इससे पहले इडी ने समन जारी छवि रंजन को 21 अप्रैल को ही पूछताछ के लिए बुलाया था, लेकिन वह नहीं आये।
उदयशंकर के ठिकाने से मिले जमीन संबंधित दस्तावेज
रांची (आजाद सिपाही)। सीएम के प्रेस सलाहकार अभिषेक प्रसाद उर्फ पिंटू के खास सहयोगी (निजी सचिव) उदय कुमार के ठिकाने पर इडी के अधिकारी सुबह-सुबह पहुंचे। उदय कुमार का घर रांची में डोरंडा बाजार के पीछे बांग्ला स्कूल के समीप है। सूत्रों के मुताबिक छापेमारी में इडी को को जमीन संबंधी कई कागजात मिले हैं। उदयशंकर के यहां से मिले दस्तावेज, मोबाइल डाटा आदि जमीन फर्जीवाड़ा जांच में अहम कड़ी साबित हो सकती है। गौरतलब है कि इडी साहिबगंज में 1000 करोड़ के अवैध खनन मामले में मनी लांड्रिंग की बी जाच कर रही है। इडी कुछ महीने पहले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से भी पूछताछ की थी। साथ ही उनके प्रेस सलाहकार अभिषेक प्रसाद उर्फ पिंटू को बी पूछताछ के लिए बुलाया था। बताया जा रहा है कि उदय की सीएमओ में अच्छी पहुंच है। उसका लगातार आना-जाना है। चर्चा है कि अवैध खनन और जमीन के मामले में कई अहम जानकारियों की पुष्टि के लिए छापामारी की गयी है। साथ ही चर्चा में यह भी है कि दो दिन पहले इडी ने रांची स्थित रजिस्ट्री कार्यालय से अनगड़ा प्रखंड के 0.88 एकड़ क्षेत्रफल के पत्थर खनन लीज से संबंधित दस्तावेज अपने साथ ले गयी थी। यह लीज मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से संबंधित है। इस से संबंधित मामले में भी उदय कुमार के यहां से दस्तावेज और जानकारी मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। हालांकि इडी की तरफ से इस छापेमारी के बारे में अधिकारिक रूप से फलिहाल कुछ भी नहीं बताया गया है।
छह आरोपियों से तीन दिनों तक पूछताछ करेगी इडी
रांची के बरियातू स्थित सेना की जमीन और चेशायर होम रोड की भूमि की खरीद बिक्री के आरोपियों की रिमांड अवधि समाप्त होने के बाद उन्हें सोमवार को कोर्ट में पेश किया गया। इडी ने छह आरोपियों से चार दिनों तक पूछताछ की इजाजत मांगी, लेकिन कोर्ट ने तीन दिनों की अनुमति दी। वहीं सातवें आरोपी फैयाज खान को कोर्ट ने जेल भेज दिया है। गौरतलब है कि इडी ने इस मामले में 13 अप्रैल को जमीने फर्जीवाड़ा मामले में 22 ठिकानों पर छापेमारी की थी। इस छापेमारी में इडी के हाथ कई महत्वपूर्ण दस्तावेज भी लगे थे। इसके बाद इडी ने सात लोगों को गिरफ्तार किया था। इनमें कारोबारी प्रदीप बागची, सीआई भानु प्रताप, अफसर अली, इम्तियाज खान, तल्हा खान, फैयाज खान और मोहम्मद सद्दाम शामिल हैं। इन लोगों से इडी ने नौ दिनों तक पूछताछ की। इनसे 9 दिनों की पूछताछ में एजेंसी को कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिली। जिससे इस पूरे खेल के किंगपिन तक पहुंचने में आसानी होगी। इडी इस मामले और पूछताछ करने के लिए छह लोगों के रिमांड अवधि को बढ़वाया है।